Responsive Scrollable Menu

Flydubai विमान में घायल कैप्टन Smit Machhar की डेंटिस्ट ने बचाई जान

तेल अवीव, सात अक्टूबर तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की उड़ान में सह-पायलट के कथित हमले के बाद गंभीर रूप से घायल भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार की जान विमान में सवार एक दंत चिकित्सक के 45 मिनट तक किए गए सतत प्रयासों से बच सकी। इजराइल में रहने वाले जॉर्जियाई मूल के दंत चिकित्सक डॉ. शुता मुसेव ने बताया कि उन्होंने गंभीर रूप से घायल कैप्टन मच्छार के सिर और हाथ से हो रहे भारी रक्तस्राव को रोकने के लिए अस्थायी पट्टियों और बर्फ की मदद ली। इस दौरान मच्छार की नब्ज खतरनाक स्तर तक गिर गई थी।

मुसेव ने ‘एबीसी न्यूज’ को बताया कि 170 से अधिक यात्रियों वाले विमान में ओमानी नागरिक सह-पायलट हमाम अल-हम्मामी ने कथित तौर पर विमान को दुर्घटनाग्रस्त करने के प्रयास में मच्छार पर चाकू से हमला किया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने मच्छार को ‘नायक’ बताया है। संयुक्त अरब अमीरात के एक अस्पताल में भर्ती मच्छार की हालत में लगातार सुधार हो रहा है और वह स्वस्थ हो रहे हैं।

मुसेव ने बताया कि घटना के दौरान मच्छार कॉकपिट के फर्श पर घायल पड़े थे। जब उन्हें महसूस हुआ कि विमान नीचे जा रहा है, तो उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोलने के लिए “आखिरी कोशिश” करने का फैसला किया। विमान में सवार एकमात्र डॉक्टर मुसेव ने कहा कि चीख-पुकार सुनकर वह आगे पहुंचे, हमलावर को काबू करने में मदद की और इसके बाद बुरी तरह घायल पायलट का उपचार शुरू किया।

उन्होंने कहा, “मैं सोच रहा था कि इस स्थिति में यात्रियों और पूरे विमान की कैसे मदद कर सकता हूं। तभी मैंने एक पायलट को फर्श पर खून से लथपथ देखा।” एक अन्य यात्री यानिव हायून ने संदिग्ध हमलावर को कॉकपिट से बाहर खींच लिया और विमान का नियंत्रण संभालकर उसे स्थिर किया। इसके बाद तीसरे पायलट ने विमान की कमान संभाली।

हमलावर के काबू में आने के बाद मुसेव ने मच्छार पर ध्यान केंद्रित किया, जिनके सिर, गर्दन और हाथों पर गंभीर चोटें थीं। उन्होंने रक्तस्राव रोकने के लिए घावों पर दबाव डालना शुरू किया। तेल अवीव के दक्षिण में स्थित होलोन शहर से ‘द नेशनल’ से बातचीत में मुसेव ने कहा, “उनके सिर और बाएं हाथ से काफी खून बह रहा था।” उन्होंने बहते खून को रोकने के लिए टी-शर्ट का इस्तेमाल किया, लेकिन रक्तस्राव नहीं रुका।

फिर उन्होंने विमान के चालक दल से बर्फ मांगी। मुसेव ने कहा, “घाव बहुत गहरे थे और हमें बर्फ के कई पैकेट की जरूरत पड़ी। जब भी मैं रक्तस्राव देखने के लिए टी-शर्ट हटाता, खून फिर बहने लगता।

इसलिए मैं ज्यादा जोर लगाए बिना बर्फ के साथ दबाव बनाए रखता था। पूरे 45 मिनट तक मैंने ऐसा किया।” उन्होंने बताया कि वह लगातार मच्छार से बात करते रहे ताकि वह बेहोश न हों। उन्होंने कहा, “मैंने उनसे कहा, ‘कृपया सोइए मत, हमें आपकी जरूरत है।’ मैंने उनके बच्चों के नाम पूछे।

मैं उनसे कहता रहा, ‘डरिए मत, आप अपने परिवार के पास लौटेंगे, हम जल्द उतरने वाले हैं।’” मुसेव के अनुसार, मच्छार ने अपना नाम और उम्र बताई तथा कहा कि वह दुबई में रहते हैं और भारत से हैं। उन्होंने दर्द कम करने के लिए मदद मांगी। मुसेव ने कहा कि उन्होंने मच्छार को भरोसा दिलाया, “सब ठीक हो जाएगा।” घायल पायलट ने उनसे कहा, “कृपया मेरी मदद करें।

मैं यहां मरना नहीं चाहता।” उन्होंने बताया कि मच्छार के हाथों पर गंभीर चोटें थीं और वह बार-बार कहते थे कि उनके हाथ गर्म महसूस हो रहे हैं। मुसेव उन्हें लगातार आश्वस्त करते रहे कि वह ठीक हो जाएंगे। मुसेव ने बताया कि जब मच्छार के महत्वपूर्ण शारीरिक संकेत बिगड़ने लगे तो उन्होंने उनके पैर ऊपर उठा दिए।

उन्होंने कहा, “एक समय उनकी नब्ज बहुत कम हो गई थी, इसलिए मैंने उनके पैर ऊपर किए और नब्ज फिर लौट आई। जब मैंने देखा कि उनके होंठ नीले पड़ रहे हैं, तो मैंने चालक दल के सदस्य से कहा कि हमें जल्दी उतरना होगा। उनके पास ज्यादा समय नहीं है।” सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो में मच्छार को दर्द निवारक दवा मांगते हुए सुना जा सकता है।

मुसेव ने उन्हें थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी दिया, लेकिन भारी रक्तस्राव को देखते हुए दवा देने से परहेज किया। उन्होंने कहा, “वह पीठ के बल लेटे थे और उन्हें उठाने में दोबारा रक्तस्राव होता। उन्हें हिलाना या दवा देना जोखिम भरा था।

चालक दल के सदस्य उन्हें दवा देना चाहते थे, लेकिन मैं इसके पक्ष में नहीं था।” मुसेव ने बताया कि वह मच्छार के महत्वपूर्ण शारीरिक संकेतों पर लगातार नजर रख रहे थे ताकि उनकी जान बचाई जा सके। उन्होंने कहा कि उनके बोलते रहने, नींद न आने, नब्ज और होंठों का रंग उनके लिए प्रमुख संकेतक थे। उन्होंने यह भी बताया कि विमान के सऊदी अरब में उतरने तक यात्रियों का एक छोटा समूह किसी अन्य संभावित हमलावर की तलाश और जांच कर रहा था।

सऊदी अरब में विमान उतरने के बाद मुसेव ने मच्छार को वहां मौजूद चिकित्सकों को सौंप दिया और उनसे कहा, “शुभकामनाएं, मेरे दोस्त। सब ठीक हो जाएगा।” मुसेव ने बताया कि घटना के बाद उन्हें और उनकी पत्नी को मानसिक आघात का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा, “स्मित ने हमारी जान बचाई।

स्मित नायक हैं और मैं, अपने परिवार तथा सभी यात्रियों को बचाने के लिए उन्होंने जो कुछ किया, उसके लिए उनका आभारी हूं। यह कर्म है—उन्होंने हमारी जान बचाई और हमने उनकी जान बचाई।” संयुक्त अरब अमीरात स्थित भारतीय दूतावास ने मंगलवार को कहा कि मच्छार की हालत में “लगातार सुधार हो रहा है और वह स्वस्थ हो रहे हैं।

Continue reading on the app

GE Aerospace ने HAL को सौंपे 4 नए F404 इंजन, Tejas Mk1A फ्लीट को मिलेगी मजबूती

भारत के स्वदेशी तेजस एमके1ए लड़ाकू विमान कार्यक्रम को एक और बड़ी सफलता मिली है क्योंकि अमेरिकी एयरोस्पेस कंपनी जीई एयरोस्पेस ने हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) को चार और एफ404-आईएन20 इंजन वितरित किए हैं। सितंबर में भेजी गई इस नवीनतम खेप के साथ, तेजस एमके1ए बेड़े के लिए एचएएल को वितरित किए गए इंजनों की कुल संख्या 14 हो गई है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ है जब एचएएल को जीई एयरोस्पेस के साथ 2021 में हस्ताक्षरित 99 एफ404-आईएन20 इंजन संयंत्रों के अनुबंध के तहत इंजन प्राप्त करना जारी है। 5,375 करोड़ रुपये के इस सौदे में तेजस एमके1ए बेड़े की इंजन आवश्यकता को पूरा किया गया है। एक बयान में जीई एयरोस्पेस ने कहा जीई एयरोस्पेस ने सितंबर 2026 में चार एफ404-आईएन20 इंजन भेजे। हम भारत के स्वदेशी तेजस लड़ाकू विमानों को शक्ति प्रदान करने के लिए आवश्यक इंजनों की आपूर्ति पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।

इसे भी पढ़ें: बिहार विधान परिषद चुनाव: Tejashwi Yadav ने INDIA गठबंधन में दरार से किया इनकार

जीई एफ404-आईएन20 इंजन का महत्व


जीई एयरोस्पेस का एफ404 इंजन, एफ404-आईएन20, भारत के एकल-इंजन वाले तेजस लड़ाकू विमान के लिए विशेष रूप से अनुकूलित किया गया है। जीई एयरोस्पेस के अनुसार, भारतीय संस्करण एफ404 इंजन परिवार में सबसे अधिक थ्रस्ट प्रदान करता है। इसमें उच्च-प्रवाह वाला पंखा, एकल-क्रिस्टल टरबाइन ब्लेड और कई अन्य विशेष घटक शामिल हैं, जिन्हें विमान और भारतीय वायु सेना की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। जीई एयरोस्पेस एफ404 को सबसे सफल सैन्य विमानन इंजनों में से एक बताता है, जिसका उपयोग दुनिया भर में हजारों लड़ाकू विमानों में किया जाता है। तेजस कार्यक्रम के लिए, यह इंजन विमान के विकास और परिचालन यात्रा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है। जीई एयरोस्पेस ने कहा कि एफ404 तेजस एलसीए के लिए एक मजबूत विकल्प साबित हुआ है।

इसे भी पढ़ें: बिहार विधान परिषद चुनाव: Tejashwi Yadav ने INDIA गठबंधन में दरार से किया इनकार

तेजस कार्यक्रम के साथ एफ404 का संबंध


भारत के सैन्य विमानन कार्यक्रम के साथ जीई एयरोस्पेस का संबंध कई दशकों पुराना है। कंपनी ने बताया कि उसने 1980 के दशक में वैमानिकी विकास एजेंसी (एरीना) के साथ काम करना शुरू किया था, जिसने भारत के स्वदेशी लड़ाकू विमान कार्यक्रम में उसकी बाद की भागीदारी की नींव रखी। 2004 में एकल-इंजन वाले तेजस विमान को शक्ति प्रदान करने के लिए F404-IN20 इंजन का चयन किया गया था। जीई एयरोस्पेस ने इस चयन को भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम और कंपनी दोनों के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। इस इंजन ने तेजस के प्रारंभिक उड़ान परीक्षण चरण के दौरान भी उसे शक्ति प्रदान की। जीई एयरोस्पेस के अनुसार, 2008 में अपनी पहली परीक्षण उड़ान के दौरान, विमान कई मिशन ऊंचाइयों तक पहुंचा और मैक 1.1 की गति प्राप्त की।

Continue reading on the app

  Sports

रणजी ट्रॉफी के लिए बिहार की टीम का ऐलान, किसे मिला मौका, कौन होगा कप्तान? देखें पूरी लिस्ट

Ranji Trophy: बिहार क्रिकेट एसोसिएशन ने रणजी ट्रॉफी 2026-27 के पहले दो मैचों के लिए 17 सदस्यीय टीम घोषित की है. साकिबुल गनी टीम के कप्तान और हिमांशु सिंह उपकप्तान होंगे. छह खिलाड़ियों को स्टैंडबाय में रखा गया है. बिहार का पहला मुकाबला 11 अक्टूबर को उत्तर प्रदेश से होगा. मैच राजगीर के नए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा. पिछले सीजन में बिहार ने प्लेट डिविजन का खिताब जीतकर एलीट ग्रुप में जगह बनाई थी. Wed, 7 Oct 2026 12:13:51 +0530

  Videos
See all

8th Pay Commission Update : 8वें वेतन आयोग में 5 बड़ी मांगें शामिल? | DAHike | Government Employees #tmktech #vivo #v29pro
2026-10-07T07:44:18+00:00

दिल्ली : AAP आज विपक्ष के प्रदर्शन में होगी शामिल #shorts #viral #ytshorts #tmktech #vivo #v29pro
2026-10-07T07:40:38+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers