Maharashtra Drought: 32 जिलों का मुआयना करने इसी हफ्ते पहुंचेगी केंद्रीय टीम, फडणवीस ने दी जानकारी
मुंबई, छह अक्टूबर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को कहा कि सूखे से प्रभावित 32 जिलों के 265 तालुकों में जमीनी हालात का जायजा लेने के लिए केंद्र सरकार की एक टीम इस हफ्ते के अंत में महाराष्ट्र का दौरा करेगी। उन्होंने यहां संवाददाताओं को बताया कि केंद्रीय टीम सात-आठ अक्टूबर के आसपास राज्य में होगी और 11 अक्टूबर तक जमीनी रिपोर्ट जुटाएगी। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के संयुक्त सचिव मुक्तानंद अग्रवाल के नेतृत्व में यह बहु-विभागीय टीम राज्य का दौरा करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सूखे के हालात के मद्देनजर, मंत्रिमंडल ने प्रभावित क्षेत्रों के लोगों के लिए पेयजल को प्राथमिकता देने का फैसला किया है। उन्होंने कहा, ‘‘हमारी पहली प्राथमिकता अगस्त (2027) तक लोगों और मवेशियों के लिए पीने के पानी को सुरक्षित करना है। यदि इसके बाद भी पानी का भंडार बचता है, तो उद्योगों और कृषि के लिए इसके उपयोग पर विचार किया जाएगा।
फसल सर्वेक्षण और केंद्रीय सहायता के बारे में बात करते हुए फडणवीस ने कहा कि लगभग 23,000 गांवों में सर्वेक्षण पूरा हो चुका है। फडणवीस ने कहा, जमीनी स्तर पर सर्वेक्षण का काम जारी है। यह काम रिकॉर्ड समय में पूरा किया जा रहा है, ताकि हमें केंद्र सरकार से जो वित्तीय मदद चाहिए, उसे समय पर हासिल किया जा सके।
सहारनपुर की आयशा मस्जिद में अजान पर रोक न लगाए प्रशासन, Allahabad High Court का निर्देश
प्रयागराज (उप्र), छह अक्टूबर इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने सहारनपुर पुलिस और जिला प्रशासन को निर्देश दिया है कि वे आयशा मस्जिद में दिन में पांच बार अजान दिए जाने में हस्तक्षेप न करें। हालांकि अदालत ने इसके लिए यह शर्त रखी है कि अजान के दौरान ध्वनि से जुड़े नियमों और अजान में लाउडस्पीकर के इस्तेमाल को लेकर अदालत के 2020 के फैसले का पालन किया जाएगा। न्यायमूर्ति अजीत कुमार और न्यायमूर्ति गरिमा प्रसाद की पीठ ने एक अक्टूबर को सहारनपुर जिले के शाहनवाज खान और पांच अन्य निवासियों की ओर से दायर याचिका पर यह आदेश दिया।
याचिकाकर्ताओं ने मस्जिद में दिन में पांच बार अजान दिए जाने और इसके लिए लाउडस्पीकर इस्तेमाल करने की अनुमति मांगी थी। उन्होंने कहा था कि अदालत के फैसलों में लाउडस्पीकर के इस्तेमाल की अनुमति होने के बावजूद अधिकारी उन्हें अजान के लिए लाउडस्पीकर इस्तेमाल करने की अनुमति नहीं दे रहे। हालांकि, राज्य सरकार ने अदालत को बताया कि याचिकाकर्ताओं को अजान दिए जाने से नहीं रोका गया है और रोक केवल लाउडस्पीकर इस्तेमाल करने के तरीके पर है।
याचिकाकर्ताओं ने अदालत को भरोसा दिलाया कि वे न तो ध्वनि प्रदूषण के नियमों का उल्लंघन करेंगे और न ही पहले दिए गए अदालत के फैसले का। उन्होंने कहा कि वे अजान के दौरान लाउडस्पीकर के इस्तेमाल से जुड़े तय नियमों और निर्देशों का सख्ती से पालन करेंगे। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने पुलिस और जिला प्रशासन को निर्देश दिया कि वे अजान दिए जाने में हस्तक्षेप न करें।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi










