प्लेग का खौफ बनाम हकीकत: रूस की घटना से फिक्र करने की कितनी जरूरत?
नई दिल्ली, 6 अक्टूबर (आईएएनएस)। रूस के साइबेरिया में एक एंटी-प्लेग रिसर्च इंस्टीट्यूट की महिला कर्मचारी की मौत ने लोगों को डरा दिया है। उसकी मौत के बाद करीब 200 लोगों पर पैनी नजर रखी जा रही है। दुनिया का ध्यान एक बार फिर उस बीमारी की ओर गया है, जिसे सदियों पहले ‘ब्लैक डेथ’ के नाम से जाना जाता था। सोशल मीडिया पर प्लेग फैलने और लैब से संक्रमण बाहर निकलने जैसी आशंकाओं ने चिंता बढ़ाई है। लेकिन मौजूदा वैज्ञानिक और आधिकारिक जानकारी की तस्वीर इससे कहीं अलग है। अमेरिका की ओर से भी कुछ सवाल खड़े किए जा रहे हैं।
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