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WhatsApp Parental Control: बच्चों के अकाउंट पर नजर रख सकेंगे पैरेंट्स, ग्रुप से Privacy तक कर सकेंगे कंट्रोल
WhatsApp Parental Controls: WhatsApp ने किशोरों के लिए नए पैरेंटल कंट्रोल फीचर्स पेश किए हैं। इनकी मदद से माता-पिता अपने बच्चों के WhatsApp इस्तेमाल को लेकर कई सेटिंग्स मैनेज कर सकेंगे। इनमें बच्चे के किसी ग्रुप में शामिल होने या ग्रुप छोड़ने पर नोटिफिकेशन मिलना और अकाउंट की प्राइवेसी सेटिंग तय करना शामिल है।
मैसेज और कॉल की प्राइवेसी रहेगी बरकरार
WhatsApp ने अपने ब्लॉग पोस्ट में साफ किया है कि इन पैरेंटल कंट्रोल्स के बावजूद माता-पिता अपने किशोर बच्चे के भेजे या रिसीव किए गए मैसेज नहीं देख पाएंगे। कॉल भी निजी रहेंगी। WhatsApp के मुताबिक, मैसेज और कॉल एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन से सुरक्षित रहेंगे।
कंपनी के अनुसार, ये पैरेंटल कंट्रोल फीचर ऑप्शनल होंगे। सोशल मीडिया एनालिस्ट मैट नवारा ने इसे इसकी एक कमजोरी बताया है। उनका कहना है कि इस सिस्टम से माता-पिता और बच्चों पर कुछ जिम्मेदारी डालकर Meta के लिए उम्र की पुष्टि पर निर्भरता कम हो सकती है।
PIN से सेट होंगे पैरेंटल कंट्रोल
WhatsApp के नए कंट्रोल को सेट करना आसान होगा। माता-पिता एक PIN सेट कर सकेंगे, जिसकी जरूरत किशोरों को कंट्रोल बंद करने के लिए होगी। माता-पिता इन सेटिंग्स को अपनी जरूरत के अनुसार कभी भी बदल या बंद कर सकेंगे। इन प्राइवेसी टूल्स में यह तय करने का विकल्प भी होगा कि बच्चे की प्रोफाइल फोटो कौन देख सकता है और कौन उसे ग्रुप में जोड़ सकता है।
Channels और Meta AI पर भी कंट्रोल
माता-पिता यह भी तय कर सकेंगे कि उनका किशोर WhatsApp Channels का इस्तेमाल किस तरह करे। Channels के जरिए संगठन और सार्वजनिक हस्तियां यूजर्स तक कंटेंट पहुंचाती हैं। इसके अलावा Meta AI के इस्तेमाल के लिए भी दो विकल्प मिलेंगे। इसमें डिफॉल्ट 13+ सेटिंग या ज्यादा सख्त Limited Content विकल्प चुना जा सकेगा।
WhatsApp ने कहा कि इन सभी कंट्रोल को इस तरह तैयार किया गया है कि माता-पिता और किशोर WhatsApp के इस्तेमाल को लेकर खुलकर बातचीत कर सकें और साथ ही सभी के निजी मैसेज सुरक्षित रहें।
बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा को लेकर बढ़ रहा दबाव
WhatsApp में यह बदलाव ऐसे समय में आया है, जब दुनियाभर की सरकारों और नियामकों की ओर से टेक कंपनियों पर बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा को लेकर दबाव बढ़ रहा है। जून में ब्रिटेन सरकार ने 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रतिबंध लगाने की योजना की घोषणा की थी। ये प्रतिबंध मार्च 2027 से लागू होने की उम्मीद है। सरकार ने कहा था कि यूजर्स की उम्र जांचने के लिए प्रभावी Age Assurance तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा।
हालांकि, WhatsApp फिलहाल इस प्रस्तावित प्रतिबंध के दायरे में नहीं है, क्योंकि ब्रिटेन सरकार इसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के बजाय एक मैसेजिंग सर्विस मानती है।
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