LPU Protest Updates: एलपीयू में बवाल के बाद FIR और SIT, पांच छात्र भी जांच टीम में शामिल
पंजाब के जालंधर की लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) में छात्रों का विरोध प्रदर्शन जारी है। छात्र अभी भी यूनिवर्सिटी परिसर में इकट्ठा हैं। इस बीच यूनिवर्सिटी के प्रतिनिधियों के साथ पुलिस की बैठक चल रही है।
छात्रों की ओर से लगाए गए आरोपों के आधार पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। मामले की जांच के लिए विशेष जांच टीम यानी एसआईटी भी बनाई गई है। इस टीम में पांच छात्रों को शामिल किया गया है।
वाइस चांसलर ने क्या कहा?
एलपीयू के वाइस चांसलर डॉ. जसपाल सिंह संधू ने कहा, “पुलिस ने छात्रों के आरोपों के आधार पर एफआईआर दर्ज की है। हर जरूरी मदद दी जाएगी। जांच करने वाली एसआईटी में पांच छात्रों को शामिल किया गया है।”
उन्होंने कहा कि अगर घटना सही पाई जाती है, तो उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वाइस चांसलर ने बताया कि छात्रों की कुछ और मांगें भी हैं, जिनमें जरूरी सुविधाओं से जुड़ी मांगें शामिल हैं। इन पर यूनिवर्सिटी प्रशासन के अधिकारी बैठकर चर्चा करेंगे।
डॉ. जसपाल सिंह संधू ने कहा, “मुझे तो इस घटना के बारे में पता भी नहीं था।”
#WATCH | Jalandhar, Punjab: Students hold protest at Lovely Professional University (LPU)
Dr. Jaspal Singh Sandhu, Vice Chancellor of LPU, says, "The police registered an FIR based on the students' allegations. All necessary support will be provided. Five students have been… https://t.co/IEWXNrr3Rz pic.twitter.com/EJlAYzYRvs— ANI (@ANI) September 27, 2026
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पुलिस और यूनिवर्सिटी प्रतिनिधियों की बैठक जारी
जालंधर रेंज के डीआईजी नवीन सिंगला ने बताया कि छात्रों की कुछ मांगें हैं और फिलहाल यूनिवर्सिटी के प्रतिनिधियों के साथ अंदर बैठक चल रही है। उन्होंने कहा कि छात्रों की मांगों में हॉस्टल और दूसरे सामान्य मुद्दों से जुड़ी मांगें शामिल हैं, जिन पर चर्चा की जा रही है।
डीआईजी ने कहा, “हमने एफआईआर दर्ज कर ली है और एसआईटी बना दी है। हम उनके प्रतिनिधियों के साथ मिलकर जांच करेंगे, जिसमें वैज्ञानिक जांच भी शामिल होगी।” उन्होंने कहा कि अगर कोई दोषी पाया जाता है, तो पुलिस उसे जरूर पकड़ेगी।
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सीसीटीवी और वैज्ञानिक सबूतों की होगी जांच
नवीन सिंगला ने बताया कि पुलिस की टीम सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि अगर कोई सुराग मिलता है, तो उस आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
डीआईजी के मुताबिक, छात्रों ने बताया कि कमरा नंबर 504 में एक लड़की थी। उन्होंने कहा, “हम जांच करेंगे कि वह लड़की कौन थी या असल में क्या हुआ था।” उन्होंने बताया कि इसका पता सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी व वैज्ञानिक सबूतों के जरिए लगाया जाएगा।
Odisha Flood: CM Mohan Charan Majhi ने किया बाढ़ प्रभावित दक्षिणी जिलों का हवाई दौरा
ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने रविवार को गंजाम, कोरापुट और नबरंगपुर के उन इलाकों का हवाई सर्वेक्षण शुरू किया जहां भारी बारिश के बाद नदियों का जलस्तर बढ़ने से बाढ़ आ गई है। भारी बारिश से राज्य के 13 जिले प्रभावित हुए हैं और स्थानीय प्रशासन लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा रहा है। इस बीच, हीराकुंड बांध ने जलाशय में आ रहे अतिरिक्त पानी को निकालने के लिए रविवार को दो और गेट खोल दिए गए।
अब 22 गेट के जरिए पानी छोड़ा जा रहा है। जलाशय का मौजूदा जलस्तर 628.29 फुट है जबकि जलाशय का अधिकतम स्तर 630 फुट तक है। राज्य सरकार ने शनिवार तक निचले इलाकों से 70,000 से अधिक लोगों को निकालकर 395 राहत शिविरों में पहुंचाया था।
माझी ने राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी और राज्य के विशेष राहत आयुक्त राजेश प्रभाकर पाटिल के साथ स्थिति की समीक्षा करने का फैसला किया। हालांकि हेलीकॉप्टर में तकनीकी खराबी के कारण उनका हवाई सर्वेक्षण करीब दो घंटे देर से शुरू हुआ। मुख्यमंत्री दक्षिणी ओडिशा के गंजाम, कोरापुट और नबरंगपुर के प्रभावित इलाकों का दौरा करने के बाद कोरापुट जिले के जयपुर पहुंचेंगे और वहां समीक्षा बैठक करेंगे।
दोपहर में वह नबरंगपुर के बारिश प्रभावित इलाकों का भी दौरा करेंगे। अधिकारियों ने बताया कि बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने गहरे दबाव के कारण बालासोर, भद्रक, जाजपुर, मयूरभंज, कालाहांडी, कोरापुट, नबरंगपुर, मलकानगिरी, क्योंझर, नयागढ़, कंधमाल, बलांगीर और जगतसिंहपुर में भारी बारिश और बाढ़ आई है। बालासोर सबसे अधिक प्रभावित जिलों में है, जहां तीन प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं।
स्वर्णरेखा नदी का जलस्तर सुबह छह बजे जलेश्वर के राजघाट में 11.68 मीटर था, जबकि खतरे का निशान 10.36 मीटर है। इससे भोगराई, जलेश्वर, बालीपाल और बस्ता प्रखंडों के गांवों में बाढ़ आ गई। मयूरभंज में सिमलीपाल राष्ट्रीय उद्यान के अधिकारियों ने कई जलधाराओं और नालों में पानी बढ़ने के कारण पर्यटक स्थल देवकुंड को अस्थायी रूप से बंद कर दिया है।
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