Responsive Scrollable Menu

Ganesh Utsav 2026: बप्पा से जुड़ी ये 5 फिल्में बच्चों के साथ जरूर देखें, मनोरंजन के साथ मिलेंगी प्यारी सीख

Ganesh Utsav 2026: पाठ और सजावट के साथ बच्चों के लिए कुछ ऐसा फैमिली टाइम भी बनाया जा सकता है, जिसमें उन्हें गणपति बप्पा से जुड़ी कहानियां देखने और समझने का मौका मिले। गणपति बप्पा से जुड़ी कई फिल्में और एनिमेशन बच्चों को ध्यान में रखकर बनाए गए हैं।

इनमें गणेश जी के बाल रूप, उनकी शरारतों, और रोमांच कि कहानी के जरिए दिखाया गया है। अगर आप घर पर फैमिली के साथ फिल्म देखने का प्लान बना रहे हैं, तो ये 5 फिल्में अच्छी पसंद हो सकती हैं।

1. Bal Ganesh
‘Bal Ganesh’ बच्चों के लिए बनाई गई चर्चित एनिमेटेड फिल्मों में शामिल है। 2007 में आई इस फिल्म में गणेश जी के बाल रूप से जुड़ी कहानियां, उनकी शरारतें और पौराणिक प्रसंगों को मजेदार अंदाज में दिखाया गया है।

2. My Friend Ganesha
अगर आपका बच्चा ऐसी कहानी पसंद करता है जिसमें दोस्ती और रोमांच दोनों हों, तो ‘My Friend Ganesha’ ट्राई की जा सकती है। फिल्म में एक बच्चे और भगवान गणेश के बीच दोस्ती को कहानी का आधार बनाया गया है।

3. Bal Ganesh 2
पहली फिल्म पसंद आई हो तो ‘Bal Ganesh 2’ भी फैमिली वॉच के लिए शामिल कर सकते हैं। इसमें बाल गणेश के रोमांच और उनके सामने आने वाली चुनौतियों को एनिमेशन के जरिए दिखाया गया है।

4. Bal Ganesh and the Pomzom Planet
अगर बच्चों को स्पेस और एडवेंचर वाली कहानियां पसंद हैं, तो ‘Bal Ganesh and the Pomzom Planet’ कुछ अलग अनुभव दे सकती है। इसमें गणेश जी के रोमांच को एक कल्पनात्मक, साइंस-फिक्शन जैसी दुनिया से जोड़ा गया है।

5. Love U Ganesha
‘Love U Ganesha’ भी बच्चों और परिवार के साथ देखने के लिए गणेश जी से जुड़ी फिल्मों की लिस्ट में शामिल की जाती है। कहानी में एक बच्चे की भावनाओं और भगवान गणेश के प्रति उसकी आस्था को जोड़ा गया है।

बच्चों के साथ फिल्म देखने का बनाएं खास मूड
गणेश उत्सव के दौरान घर पर छोटा-सा Family Movie Time रखा जा सकता है। पूजा या आरती के बाद बच्चों के साथ इनमें से कोई फिल्म देखें और फिल्म खत्म होने के बाद उनसे कहानी में गणेश जी से जुड़ी बातों पर बातचीत करें।

यह भी पढ़ें: बप्पा को लगाएं काजू कतली का भोग, 15 मिनट में इस तरह करें घर पर तैयार

Continue reading on the app

Parivartini Ekadashi 2026: परिवर्तिनी एकादशी व्रत से मिलती है सभी पापों से मुक्ति

आज परिवर्तिनी एकादशी है, परिवर्तिनी एकादशी तिथि को भगवान विष्णु की आराधना के लिए विशेष माना गया है। परिवर्तिनी एकादशी को जलझूलनी एकादशी के नाम से भी जाना जाता है। हिन्दू धर्म में परिवर्तिनी एकादशी विशेष है क्योंकि इस दिन भगवान विष्णु क्षीरसागर में सोते हुए अपनी करवट बदलते हैं। इस एकादशी पर कुछ विशेष उपाय करने से भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है तो आइए हम आपको परिवर्तिनी एकादशी व्रत का महत्व एवं पूजा विधि के बारे में बताते हैं।

जानें परिवर्तिनी एकादशी के बारे में

पंडितों के अनुसार वर्ष में 24 एकादशी आती हैं और हर महीने शुक्ल व कृष्ण पक्ष में एक-एक एकादशी पड़ती है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस दिन श्रीहरि विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करने से जीवन में सुख, समृद्धि और सौभाग्य का मार्ग प्रशस्त होता है। भाद्रपद मास की परिवर्तिनी एकादशी को जलझूलनी एकादशी के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन भगवान विष्णु की विशेष पूजा-अर्चना की जाती है। 22 सितंबर दिन मंगलवार को परिवर्तनी एकादशी तिथि का व्रत किया जाएगा, हर साल भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष एकादशी तिथि को परिवर्तनी एकादशी का व्रत किया जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन व्रत रखकर विधि विधान से भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा अर्चना करने से सभी पापों से मुक्ति मिलती है, जीवन में सुख-शांति एवं समृद्धि आती है। पुराणों में बताया गया है कि परिवर्तनी एकादशी का व्रत करने से 100 यज्ञ के बराबर पुण्य फल की प्राप्ति होती है और व्यक्ति जन्म-मरण के बंधन से मुक्त हो जाता है। शास्त्रों के अनुसार चातुर्मास के दौरान भगवान विष्णु क्षीर सागर में योगनिद्रा में विश्राम करते हैं। परिवर्तिनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु अपनी करवट बदलते हैं, इसलिए इस एकादशी का विशेष महत्व बताया गया है।

इसे भी पढ़ें: Rajasthan के Kalki Temple में संगमरमर के घोड़े का भर रहा घाव, जुड़ी है रहस्यमयी मान्यता

जानें परिवर्तिनी एकादशी का शुभ मुहूर्त

हिन्दू पंचांग के अनुसार, परिवर्तिनी एकादशी 22 सितंबर 2026 को मनाई जाएगी। एकादशी तिथि 21 सितंबर की रात करीब 8 बजे आरंभ होगी और 22 सितंबर की रात लगभग 9:43 बजे समाप्त होगी।

परिवर्तिनी एकादशी व्रत में करें इन नियमों का पालन

पंडितों के अनुसार परिवर्तिनी एकादशी व्रत का पारण अगले दिन सूर्योदय के बाद ही करें। एकादशी पूजा में तुलसी का प्रयोग जरूर करें। बिना तुलसी के विष्णु जी की पूजा अधूरी मानी जाती है। एकादशी के दिन पीले रंग के वस्त्र पहनें। व्रत के दिन क्रोध न करें और न ही किसी के लिए अपने मन में बुरे विचार लेकर आएं। एकादशी के दिन तुलसी तोड़ना वर्जित होता है। तो इस दिन तुलसी के पत्ते न तोड़ें और न ही जल चढ़ाएं। एकादशी के दिन तामसिक चीजों का सेवन न करें। (लहसुन-प्याज,मांसाहार, शराब) एकादशी के दिन बाल, दाढ़ी और नाखून काटने की मनाही होती है।

परिवर्तिनी एकादशी व्रत के पारण का समय

- एकादशी तिथि प्रारम्भ - सितंबर 21, 2026 को 08:00 पी एम बजे
- एकादशी तिथि समाप्त - सितंबर 22, 2026 को 09:43 पी एम बजे
- परिवर्तिनी एकादशी पारण तिथि- 23 सितंबर 2026
- पारण (व्रत खोलने का)समय - 06:27 ए एम से 08:53 ए एम
- पारण तिथि के दिन द्वादशी समाप्त होने का समय - 10:50 पी एम

परिवर्तिनी एकादशी के दिन विष्णु जी को लगाएं इन चीजों का भोग

पंडितों के अनुसार जगत के पालनहार भगवान विष्णु को पंचामृत अत्यंत प्रिय है इसलिए इसका भोग जरूर लगाएं। दूध, दही, चीनी, शहर और घी को मिलाकर पंचामृत तैयार किया जाता है। एकादशी के दिन विष्णु जी को पंचमेवा भी जरूर चढ़ाएं। पंचमेवा में बादाम, काजू, छुआरा, किशमिश और मखाना आता है। श्री हरि विष्णु को पीला रंग बेहद पसंद है तो एकादशी के दिन बेसन के लड्डू, बूंदी के लड्डू, पीला पेड़ा या केसरिया रंग की खीर भी अर्पित करें। एकादशी के दिन चावल बनाना वर्जित है तो आप खीर साबूदाना की बना सकते हैं।परिवर्तिनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु को मौसमी फल जैसे- केला, सेब, अनार आदि फलों का भी भोग लगाएं।

परिवर्तिनी एकादशी व्रत से जुड़ी पौराणिक कथा भी है रोचक

शास्त्रों में परिवर्तिनी एकादशी के विषय में राजा मांधाता और अनावृष्टि की कथा प्रचलित है। इस कथा के अनुसार त्रेतायुग में मांधाता नाम के एक प्रतापी राजा थे। उनके राज्य में लगातार तीन वर्षों तक बारिश नहीं हुई, जिससे भयंकर सूखा पड़ गया और प्रजा त्रस्त हो गई। कारण जानने के लिए राजा जब वन गए, तो ऋषियों ने बताया कि राज्य में एक शूद्र द्वारा तपस्या करने के कारण यह दोष उत्पन्न हुआ है। राजा मांधाता ने निर्दोष और तपस्यारत व्यक्ति को दंड देने से मना कर दिया और इसका धार्मिक उपाय पूछा। तब ऋषियों ने उन्हें परिवार सहित भाद्रपद शुक्ल एकादशी (परिवर्तिनी एकादशी) का व्रत करने की सलाह दी। राजा ने विधि-विधान से यह व्रत किया, जिससे राज्य में मूसलाधार बारिश हुई, खेत हरे-भरा हो गए और प्रजा फिर से सुखी हो गई।

परिवर्तिनी एकादशी में दशमी से पहलें रखें ये सावधानी

शास्त्रों के अनुसार नारद पुराण में एकादशी व्रत के नियम अनुसार तिथि की शुरुआत होने के बाद इनमें मसूर आदि दालें, दूसरे के घर भोजन, और रात्रि भोजन से बचने की बात कही गई है। इसलिए अगर आप शास्त्रीय नियमों के अनुसार व्रत करना चाहते हैं तो 21 सितंबर को दिन में ही सात्त्विक और हल्का भोजन कर लेना बेहतर माना जाता है।

परिवर्तिनी एकादशी व्रत में ये खाएं, रहेंगे सेहतमंद

पंडितों के अनुसार एकादशी व्रत को लेकर जलाहार, फलाहार, क्षीरभोजी और नक्तभोजी जैसी अलग-अलग व्रत पद्धतियां बताई गई है। आप अपनी क्षमता अनुसार ये व्रत कर सकते हैं। साबूदाना, सिंघाड़ा, शकरकंद, आलू और मूंगफली जैसी चीजें एकादशी व्रत में खा सकते हैं। एकादशी व्रत में सिर्फ अन्न का त्याग ही नहीं बल्कि झूठ, छल-कपट, क्रोध और कठोर वाणी से बचने की सलाह भी दी जाती है। व्रत के दौरान संयम रखें, इंद्रियों पर काबू रखना भी जरुरी है।

परिवर्तिनी एकादशी का महत्व

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, परिवर्तिनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु की पूजा, व्रत, मंत्र जाप और दान-पुण्य करने से भक्तों को श्रीहरि की कृपा प्राप्त होती है। भक्त भगवान विष्णु को पीले फूल, तुलसी, फल और पंचामृत अर्पित कर पूजा करते हैं। एकादशी का व्रत मन और इंद्रियों पर संयम रखने तथा भगवान के प्रति भक्ति बढ़ाने का अवसर माना जाता है। परिवर्तिनी एकादशी को भगवान विष्णु के वामन स्वरूप और राजा बलि से जुड़ी कथा के कारण भी महत्वपूर्ण माना जाता है। इस दिन श्रद्धालु अपनी सामर्थ्य के अनुसार व्रत रखते हैं और भगवान विष्णु का स्मरण करते हैं।

- प्रज्ञा पाण्डेय

Continue reading on the app

  Sports

Ind vs WI Ranchi T20: रांची मैच के टिकटों की दरें जारी, 1600 से ₹18000 तक की रेंज, देखें पूरी लिस्ट

India vs West Indies Ranchi T20 Ticket Price: रांची के JSCA स्टेडियम में 9 अक्टूबर 2026 को भारत और वेस्टइंडीज के बीच दूसरा T20I होगा. टिकट की कीमतें ₹1600 से ₹18000 तक हैं. आम दर्शकों के लिए टिकट बिक्री की तारीख जल्द घोषित होगी. Mon, 28 Sep 2026 23:44:25 +0530

  Videos
See all

PM Kisan Samman Nidhi: किसानों के खाते में कितने आएंगे पैसे? | PM Kisan Yojana | Latest Update | BJP #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-28T23:00:15+00:00

Parvesh Verma Slap Case | प्रवेश वर्मा पर Arvind Kejriwal के तीखे तेवर.. क्या होगा अगला Action? #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-28T22:50:48+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers