Cyclone Arnab: ओडिशा में तबाही मचा सकता है चक्रवाती तूफान अर्नब! स्कूल-कॉलेज बंद; सड़कों पर रोकी आवाजाही
Cylone Arnab: ओडिशा पर चक्रवाती तूफान अर्नब का खतरा मंडरा रहा है. मौसम विभाग के मुताबिक, चक्रवात 'अर्नब' आज यानी 23 सितंबर की रात ओडिशा में टकराएगा. वहीं ओडिशा के मंत्री सुरेश पुजारी ने कहा कि पश्चिम-मध्य और उससे सटे उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में बना डिप्रेशन पिछले छह घंटों से 18 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पश्चिम की ओर बढ़ रहा है. उन्होंने कहा कि इस गहरे डिप्रेशन के चलते बुधवार और गुरुवार के बीच कोरापुट, गजपति और गंजाम जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है. जिसके लिए इन तीनों जिलों को रेड जोन में रखा गया है.
इन जिलों को भी रेड जोन में किया गया शामिल
इसके साथ ही उन्होंने कहा, "इसके अलावा, 24 और 25 सितंबर को कालाहांडी, नबरंगपुर, कोरापुट और मलकानगिरी जैसे जिले, साथ ही बलांगीर और बौध जैसे आस-पास के जिले भी रेड जोन में होंगे. जिला प्रशासन रेड, ऑरेंज और येलो जोन में रखे गए या उन जोन में आने की संभावना वाले जिलों में पूरी तैयारी सुनिश्चित करने के लिए तैयार है."
सुरेश पुजारी ने कहा कि ODRAF की टीमें पहले ही सभी संवेदनशील जगहों पर तैनात हो चुकी हैं और फायर सर्विस विभाग ने भी भारी बारिश की स्थिति में लोगों की मदद के लिए नावों और अन्य उपकरणों के साथ कर्मचारियों को तैनात किया है.
कई सड़कों पर गाड़ियों की आवाजाही पर लगाई रोक
वहीं एहतियाती के तौर पर, राज्य सरकार ने कुछ सड़कों पर गाड़ियों की आवाजाही पर भी रोक लगा दी है, जिसमें गंजाम और कंधमाल को जोड़ने वाला कलिंगा घाट भी शामिल है. इसके अलावा, एक आधिकारिक आदेश के मुताबिक, मौसम की मौजूदा स्थिति को देखते हुए चिल्का झील में सातपाडा और जाहनीकुडा के बीच फेरी सेवा चार दिनों तक बंद कर दी है.
उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन को सभी जगहों पर हेल्थकेयर और सूखे राशन जैसी जरूरी व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं, साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जा रहा है कि सभी चक्रवात और राहत केंद्र पूरी तरह तैयार हों.
उन्होंने कहा, "हम किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं और लोगों से अपील करते हैं कि वे बिना डरे सतर्क रहें. प्रशासन किसी भी स्थिति में हर किसी की मदद करने के लिए पूरी तरह तैयार है. इसलिए, हम लोगों से शांत और सतर्क रहने और संवेदनशील इलाकों में भारी बारिश की चुनौतियों से निपटने में ज़िला प्रशासन का सहयोग करने की अपील करते हैं."
सरकारी कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द
चक्रवात अर्नब को देखते हुए ओडिशा सरकार भी हाई अलर्ट पर है. ओडिशा सरकार ने कहा कि वह हाई अलर्ट पर है क्योंकि बंगाल की खाड़ी में बना डिप्रेशन (कम दबाव का क्षेत्र) गहरा होकर 'डीप डिप्रेशन' में बदल गया है. इसके कारण मंगलवार को तटीय और दक्षिणी इलाकों में भारी बारिश हुई, जिसके बाद राज्य सरकार ने कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दीं और कम से कम सात जिलों में शिक्षण संस्थान बंद कर दिए हैं.
70 किमी की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
इस बीच, भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अपनी ताजा जानकारी में बताया कि यह सिस्टम कलिंगपट्टनम (आंध्र प्रदेश) से लगभग 140 किमी, गोपालपुर (ओडिशा) से 150 किमी, पुरी (ओडिशा) से 210 किमी और विशाखापत्तनम (आंध्र प्रदेश) से 220 किमी पूर्व में स्थित है.
IMD के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र ने कहा कि 'डीप डिप्रेशन' एक ऐसा मौसम सिस्टम है जो 'लो प्रेशर एरिया' (कम दबाव वाले क्षेत्र) से ज्यादा गंभीर और 'साइक्लोनिक स्टॉर्म' (चक्रवाती तूफान) से कम गंभीर होता है. उन्होंने कहा कि इस सिस्टम के 23 सितंबर की रात लगभग 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से जमीन से टकराने की संभावना है. IMD ने बताया कि 'डीप डिप्रेशन' के असर से सोमवार से ही दक्षिणी और तटीय ओडिशा के बड़े हिस्से में भारी से बहुत भारी बारिश हुई है.
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कई जिलों में 24 सितंबर तक स्कूल-कॉलेज बंद
मौसम के हालात को देखते हुए, राज्य के सात जिलों- नबरंगपुर, मलकानगिरी, पुरी, जगतसिंहपुर, गंजाम, गजपति, कोरापुट और खुर्दा में स्कूल-कॉजेलों को 24 सितंबर यानी गुरुवार तक बंद रखने का आदेश दिया है. वहीं दूसरी ओर मौसम विभाग ने राज्य में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी है. स्थानीय प्रशासन ने सभी कर्मचारियों की छुट्टी रद्द कर उन्हें ड्यूटी पर लौटने को कहा है.
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IMD Heavy Rain Alert: बंगाल की खाड़ी में गहराया 'डीप डिप्रेशन', ओडिशा, आंध्र और तेलंगाना में भारी बारिश की चेतावनी
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवातीय दबाव के चलते ओडिशा, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना समेत दक्षिण-पूर्वी भारत के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
मौसम विभाग के अनुसार, यह दबाव अब और मजबूत होकर 'डीप डिप्रेशन' बन रहा है और विशाखापत्तनम (आंध्र प्रदेश) तथा गोपालपुर (ओडिशा) के बीच तटीय क्षेत्रों से टकराने की ओर बढ़ रहा है। इसके प्रभाव से कई इलाकों में आकाशीय बिजली, मूसलाधार बारिश और तेज तूफान आने की आशंका है।
किन जिलों में रेड अलर्ट और कहां बंद रहेंगे स्कूल?
ओडिशा और आंध्र प्रदेश के जिला प्रशासनों ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं:
ओडिशा: IMD ने गंजाम, गजपति, कोरापुट, मलकानगिरी, कालाहांडी और कंधमाल जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। स्थानीय प्रशासन ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए खोरधा, जगतसिंहपुर, गंजाम, गजपति और मलकानगिरी समेत संवेदनशील जिलों में सभी स्कूल, कॉलेज और आंगनवाड़ी केंद्रों में छुट्टी घोषित कर दी है।
आंध्र प्रदेश: उत्तरी तटीय आंध्र प्रदेश (जैसे विशाखापत्तनम, विजयनगरम और श्रीकाकुलम) में अत्यधिक भारी बारिश की संभावना के चलते प्रशासन अलर्ट मोड पर है।
तेलंगाना: तेलंगाना के कई इलाकों में भी अगले 3 दिनों के लिए मध्यम से भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
75 किलोमीटर प्रति घंटे तक चल सकती हैं हवाएं
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस 'डीप डिप्रेशन' के लैंडफॉल के दौरान तटीय क्षेत्रों में 55 से 65 किलोमीटर प्रति घंटे से लेकर 75 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चल सकती हैं। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने समुद्र में ऊंची लहरें उठने की चेतावनी दी है और मछुआरों को अगले 2-3 दिनों तक समुद्र में न उतरने की सख्त सलाह दी है।
राहत एवं बचाव दल अलर्ट पर
ओडिशा के मुख्यमंत्री और आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने 11 से अधिक जिलों के कलेक्टर्स को चौबीसों घंटे निगरानी रखने का निर्देश दिया है। निचले और संवेदनशील इलाकों से लोगों को निकालने के लिए चक्रवात एवं बाढ़ राहत शिविर तैयार किए गए हैं। आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए NDRF और ODRAF की टीमों को तैनात कर दिया गया है।
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