Xi Jinping Limousine Hongqi N701: चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की 'अभेद्य' बख्तरबंद कार; जानिए भारत दौरे पर क्यों चर्चा में है Hongqi N701
नई दिल्ली। दुनिया के प्रमुख राष्ट्राध्यक्ष जब भी किसी अंतरराष्ट्रीय शिखर सम्मेलन के लिए विदेश यात्रा करते हैं, तो उनकी सुरक्षा में इस्तेमाल होने वाले वाहन उनकी निजी और राष्ट्रीय सुरक्षा का अहम हिस्सा होते हैं। 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भाग लेने भारत आए चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग के काफिले की मुख्य कार Hongqi N701 इस समय चर्चा के केंद्र में है।
अमेरिकी राष्ट्रपति की प्रसिद्ध बख्तरबंद कार 'द बीस्ट' की तर्ज पर डिजाइन की गई यह कार न केवल सुरक्षा के मामले में सर्वोच्च मानकों पर खरी उतरती है, बल्कि यह चीन की घरेलू ऑटोमोबाइल और एयरोस्पेस तकनीक की ताकत को भी प्रदर्शित करती है।
बुलेटप्रूफ आवरण और रासायनिक हमलों से अभेद्य सुरक्षा
Hongqi N701 को विशेष रूप से राष्ट्रप्रमुख की सुरक्षा जरूरतों को ध्यान में रखते हुए डिजाइन किया गया है। लगभग 5.5 मीटर लंबी इस लिमोजीन में 21-इंच के विशेष बुलेटप्रूफ पहिए और अत्यधिक मजबूत बख्तरबंद धातु की परतें लगी हैं। यह कार भारी गोलीबारी और छोटे पैमाने के विस्फोटक हमलों को आसानी से झेलने में सक्षम है।
इसके अतिरिक्त, रासायनिक, जैविक, या परमाणु खतरों से बचाव के लिए कार के अंदर वायु-दबाव और अत्याधुनिक सीलिंग प्रणाली स्थापित की गई है, जो बाहर से जहरीली गैसों को कार के भीतर प्रवेश करने से रोकती है।
6.0-लीटर V12 इंजन की बेजोड़ मारक ताकत
किसी भी आपातकालीन स्थिति में वीवीआईपी को सुरक्षित स्थान पर ले जाने के लिए वाहन में त्वरित रफ्तार और शक्ति होना अनिवार्य है। Hongqi N701 में 6.0-लीटर का शक्तिशाली V12 इंजन लगा है, जो लगभग 408 हॉर्सपावर की ताकत उत्पन्न करता है। भारी आर्मर प्लेटिंग के बावजूद यह विशालकाय लिमोजीन तेज गति से आगे बढ़ने में पूरी तरह सक्षम है।
10 वर्षों में केवल 50 यूनिट्स: चीन का सबसे प्रतिष्ठित ब्रांड
'Hongqi' चीनी भाषा का शब्द है जिसका हिंदी अर्थ 'लाल झंडा' होता है। वर्ष 1958 में स्थापित यह ब्रांड चीन का सबसे पुराना और प्रतिष्ठित लग्जरी कार ब्रांड है, जिसका उपयोग केवल चीनी कम्युनिस्ट पार्टी के शीर्ष नेतृत्व द्वारा किया जाता रहा है।
रिपोर्टों के अनुसार, अगले एक दशक में इस विशेष N701 मॉडल की केवल 50 यूनिट्स ही बनाई जाएंगी, जिन्हें आम जनता के लिए बेचना निषिद्ध है। विशेष सुरक्षा और कस्टमाइजेशन के कारण इस कार की अनुमानित लागत लगभग 7 करोड़ रुपये से अधिक मानी जाती है।
8th Pay Commission News: लेवल 1-5 कर्मचारियों का HRA ₹15,768 तक बढ़ सकता है, सैलरी पर देखें असर
8th Pay Commission News: 8वें वेतन आयोग को लेकर सरकारी कर्मचारियों के बीच सबसे ज्यादा चर्चा नई सैलरी और भत्तों को लेकर है। इनमें हाउस रेंट अलाउंस (HRA) भी अहम है। कर्मचारी संगठनों ने मौजूदा HRA दरों में बढ़ोतरी की मांग की है। अगर प्रस्तावित 40% HRA और 2.1 फिटमेंट फैक्टर जैसे अनुमान लागू होते हैं, तो लेवल 1 से लेवल 5 तक के कर्मचारियों को HRA में हर महीने करीब ₹9,720 से ₹15,768 तक का अतिरिक्त फायदा हो सकता है। हालांकि, ये आंकड़े अनुमानित हैं और 8वें वेतन आयोग की अंतिम सिफारिशों तथा सरकार के फैसले के बाद ही वास्तविक बदलाव स्पष्ट होगा।
8th Pay Commission News: HRA में क्यों हो सकता है बड़ा बदलाव?
केंद्र सरकार के कर्मचारियों की सैलरी में HRA एक महत्वपूर्ण भत्ता है। इसकी रकम कर्मचारी के बेसिक पे और शहर की कैटेगरी के आधार पर तय होती है। बढ़ते किराए और महंगाई को देखते हुए कर्मचारी संगठनों की ओर से HRA की मौजूदा दरों को बढ़ाने की मांग की जा रही है।
अलग-अलग कर्मचारी संगठनों ने 8वें वेतन आयोग के सामने HRA को लेकर अलग-अलग सुझाव दिए हैं। इनमें कुछ प्रस्ताव मौजूदा X, Y और Z शहरों की व्यवस्था में ज्यादा दर लागू करने से जुड़े हैं, जबकि कुछ संगठनों ने HRA को DA के स्तर से जोड़ने का सुझाव दिया है।
ध्यान रखें: अभी 40% HRA या 2.1 फिटमेंट फैक्टर को अंतिम सरकारी फैसला नहीं माना जा सकता।
7वें वेतन आयोग में अभी कितना मिलता है HRA?
7वें वेतन आयोग के तहत HRA की शुरुआती दरें X, Y और Z कैटेगरी के शहरों के लिए क्रमशः 24%, 16% और 8% थीं।
बाद में DA 50% से ज्यादा होने के बाद HRA की दरों में संशोधन हुआ। मौजूदा व्यवस्था में ये दरें इस प्रकार हैं:
| शहर की कैटेगरी | मौजूदा HRA दर |
| X कैटेगरी | 30% |
| Y कैटेगरी | 20% |
| Z कैटेगरी | 10% |
उदाहरण के लिए, X कैटेगरी के शहर में ₹18,000 बेसिक पे वाले लेवल 1 कर्मचारी को 30% की दर से ₹5,400 HRA मिलता है। वहीं ₹29,200 बेसिक पे वाले लेवल 5 कर्मचारी का मौजूदा HRA ₹8,760 प्रति माह है।
8वें वेतन आयोग में कर्मचारी संगठनों ने HRA को लेकर क्या मांग की है?
8th Pay Commission News के बीच कर्मचारी संगठनों की HRA को लेकर अलग-अलग मांगें सामने आई हैं। NC-JCM ने X, Y और Z शहरों के लिए क्रमशः 40%, 35% और 30% HRA की मांग की है। संगठन ने HRA को DA से जोड़ने का सुझाव भी दिया है, ताकि महंगाई बढ़ने के साथ HRA में भी स्वतः बदलाव हो सके।
इसके अलावा शहरों की कैटेगरी की समीक्षा पांच साल में करने की मांग भी की गई है, जबकि अभी यह अंतराल ज्यादा लंबा है।
कुछ अन्य कर्मचारी संगठनों ने HRA के लिए अलग-अलग स्लैब और DA आधारित व्यवस्था का सुझाव दिया है।
इसलिए कर्मचारियों को यह समझना जरूरी है कि ये कर्मचारी संगठनों की सिफारिशें हैं, सरकार द्वारा मंजूर अंतिम HRA दरें नहीं।
8वें वेतन आयोग का HRA कैलकुलेटर: लेवल 1 से 5 तक कितना फायदा?
अब अगर 2.1 फिटमेंट फैक्टर और X कैटेगरी के शहरों में प्रस्तावित 40% HRA को सिर्फ उदाहरण के तौर पर मान लें, तो संभावित बदलाव को इस तरह समझा जा सकता है।
लेवल 1: HRA में ₹9,720 तक का संभावित इजाफा
लेवल 1 कर्मचारी की मौजूदा बेसिक पे ₹18,000 है।
- मौजूदा HRA: ₹18,000 × 30% = ₹5,400
- 2.1 फिटमेंट फैक्टर पर अनुमानित बेसिक: ₹37,800
- 40% HRA पर अनुमानित HRA: ₹15,120
- संभावित मासिक बढ़ोतरी: ₹9,720
यानी इस अनुमान के मुताबिक लेवल 1 कर्मचारी का HRA ₹5,400 से बढ़कर ₹15,120 हो सकता है।
लेवल 2: HRA में ₹10,746 तक का संभावित इजाफा
लेवल 2 की मौजूदा बेसिक पे ₹19,900 है।
- मौजूदा HRA: ₹19,900 × 30% = ₹5,970
- 2.1 फिटमेंट फैक्टर के बाद अनुमानित बेसिक: ₹41,790
- 40% HRA: ₹16,716
- संभावित मासिक बढ़ोतरी: ₹10,746
लेवल 3: HRA में ₹11,718 तक की संभावित बढ़ोतरी
लेवल 3 कर्मचारी की मौजूदा बेसिक पे ₹21,700 है।
- मौजूदा HRA: ₹6,510
- अनुमानित संशोधित बेसिक: ₹45,570
- 40% HRA: ₹18,228
- संभावित मासिक बढ़ोतरी: ₹11,718
लेवल 4: HRA में ₹13,770 तक का संभावित फायदा
लेवल 4 कर्मचारी की मौजूदा बेसिक पे ₹25,500 है।
- मौजूदा HRA: ₹7,650
- अनुमानित संशोधित बेसिक: ₹53,550
- 40% HRA: ₹21,420
- संभावित मासिक बढ़ोतरी: ₹13,770
लेवल 5: HRA में ₹15,768 तक का संभावित इजाफा
लेवल 5 कर्मचारी की मौजूदा बेसिक पे ₹29,200 है।
- मौजूदा HRA: ₹8,760
- 2.1 फिटमेंट फैक्टर पर अनुमानित बेसिक: ₹61,320
- 40% HRA: ₹24,528
- संभावित मासिक बढ़ोतरी: ₹15,768
8th Pay Commission HRA Calculator: एक नजर में पूरा हिसाब
| पे लेवल | मौजूदा बेसिक | मौजूदा HRA (30%) | 2.1 पर अनुमानित बेसिक | 40% HRA | संभावित बढ़ोतरी |
| लेवल 1 | ₹18,000 | ₹5,400 | ₹37,800 | ₹15,120 | ₹9,720 |
| लेवल 2 | ₹19,900 | ₹5,970 | ₹41,790 | ₹16,716 | ₹10,746 |
| लेवल 3 | ₹21,700 | ₹6,510 | ₹45,570 | ₹18,228 | ₹11,718 |
| लेवल 4 | ₹25,500 | ₹7,650 | ₹53,550 | ₹21,420 | ₹13,770 |
| लेवल 5 | ₹29,200 | ₹8,760 | ₹61,320 | ₹24,528 | ₹15,768 |
क्या 8वें वेतन आयोग में सचमुच 40% HRA मिलेगा?
फिलहाल इसका जवाब नहीं कहा जा सकता। 40% HRA कर्मचारी संगठनों की ओर से किया गया प्रस्ताव है। इसी तरह इस कैलकुलेशन में इस्तेमाल किया गया 2.1 फिटमेंट फैक्टर भी एक अनुमान है।
8वें वेतन आयोग की अंतिम सिफारिशों और केंद्र सरकार की मंजूरी के बाद ही यह पता चलेगा कि नया बेसिक पे कितना होगा और HRA की दरें कितनी तय की जाएंगी।
इसलिए ऊपर दिए गए आंकड़ों को संभावित सैलरी कैलकुलेशन के तौर पर देखें, न कि निश्चित वेतन वृद्धि के रूप में।
HRA बढ़ने से कुल सैलरी पर क्या असर पड़ेगा?
अगर भविष्य में बेसिक पे में बढ़ोतरी के साथ HRA की दर भी बढ़ती है, तो कर्मचारियों की कुल मासिक सैलरी में सीधा असर पड़ेगा। हालांकि केवल HRA के आधार पर नई सैलरी का सटीक अनुमान लगाना सही नहीं होगा।
कुल वेतन पर बेसिक पे, DA, HRA और अन्य भत्तों के साथ-साथ सरकार द्वारा तय किए जाने वाले नए पे मैट्रिक्स का भी असर होगा।
बहरहाल, 8th Pay Commission News को लेकर कर्मचारियों की नजर खास तौर पर बेसिक पे, फिटमेंट फैक्टर और HRA पर है। प्रस्तावित 40% HRA और 2.1 फिटमेंट फैक्टर को आधार मानकर किए गए अनुमान में लेवल 1 से लेवल 5 तक HRA में ₹9,720 से ₹15,768 प्रति माह तक की संभावित बढ़ोतरी दिखाई देती है।
लेकिन अभी इसे अंतिम लाभ नहीं माना जा सकता। 8वें वेतन आयोग की सिफारिशें और केंद्र सरकार का अंतिम निर्णय ही वास्तविक सैलरी और HRA में होने वाले बदलाव को तय करेगा।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Haribhoomi










