Handvo Recipe: बच्चों से लेकर बड़ों तक सबको पसंद आएगा हांडवो, इस आसान तरीके से कर लें तैयार
Handvo Recipe: गुजराती हांडवो एक ऐसा स्वादिष्ट और पारंपरिक स्नैक है, जिसे आप नाश्ते से लेकर शाम की भूख तक कभी भी बना सकते हैं। चावल, दाल और सब्जियों से तैयार होने वाला यह व्यंजन बाहर से हल्का क्रिस्पी और अंदर से नरम होता है। ऊपर से पड़ने वाला तिल का तड़का इसके स्वाद को और भी खास बना देता है।
अगर आप रोजाना पोहा, उपमा या दूसरे नाश्तों से कुछ अलग बनाना चाहते हैं, तो गुजराती हांडवो एक बढ़िया विकल्प हो सकता है। इसे घर पर आसानी से तैयार किया जा सकता है। आइए जानते हैं हांडवो बनाने की सामग्री, घोल तैयार करने का तरीका और इसे स्वादिष्ट बनाने के जरूरी टिप्स।
गुजराती हांडवो बनाने के लिए सामग्री
- 1 कप चावल
- 1/2 कप चना दाल
- 1/4 कप तूर दाल
- 1/4 कप उड़द दाल
- 1 कप कद्दूकस की हुई लौकी
- 2 हरी मिर्च
- 1 इंच अदरक
- 1/2 चम्मच हल्दी
- 1/2 चम्मच लाल मिर्च पाउडर
- 1 चुटकी हींग
- 1/2 चम्मच चीनी
- 1 चम्मच नींबू का रस
- नमक स्वादानुसार
- 1/2 चम्मच ईनो या बेकिंग सोडा (वैकल्पिक)
तड़के के लिए
- 1 चम्मच राई
- 1 चम्मच तिल
- 8-10 करी पत्ते
- 1-2 सूखी लाल मिर्च
- 1-2 चम्मच तेल
हांडवो बनाने की विधि
चावल और दाल का घोल तैयार करें
सबसे पहले चावल और सभी दालों को अच्छी तरह धोकर 4-6 घंटे के लिए पानी में भिगो दें। इसके बाद पानी निकालकर इन्हें मिक्सर में दरदरा पीस लें। घोल को बहुत ज्यादा पतला न रखें। इसमें थोड़ा पानी मिलाकर गाढ़ा बैटर तैयार करें।
अब घोल को ढककर 6-8 घंटे या जरूरत के अनुसार फरमेंट होने दें। फरमेंटेशन का समय कमरे के तापमान पर निर्भर करता है।
सब्जियां और मसाले मिलाएं
फरमेंट हुए घोल में कद्दूकस की हुई लौकी, बारीक कटी हरी मिर्च, अदरक, हल्दी, लाल मिर्च पाउडर, हींग, चीनी, नींबू का रस और नमक डालें। सभी सामग्री को अच्छी तरह मिला लें।
अगर आप हांडवो को थोड़ा फूला हुआ बनाना चाहते हैं, तो पकाने से ठीक पहले ईनो या बेकिंग सोडा की थोड़ी मात्रा डाल सकते हैं। इसे अच्छी तरह मिलाएं और तुरंत पकाने की प्रक्रिया शुरू करें।
तड़का लगाकर हांडवो पकाएं
एक मोटे तले वाले पैन या कड़ाही में तेल गर्म करें। इसमें राई, तिल, करी पत्ता और सूखी लाल मिर्च डालें। जब तड़का चटकने लगे, तो तैयार घोल को पैन में डालकर समान रूप से फैला दें।
पैन को ढककर धीमी आंच पर हांडवो पकाएं। नीचे की सतह सुनहरी और कुरकुरी होने लगे, तो सावधानी से इसे पलटें। दूसरी तरफ भी अच्छी तरह पकाएं। हांडवो को पूरी तरह पकने में लगभग 20-30 मिनट लग सकते हैं, यह उसकी मोटाई और आंच पर निर्भर करता है।
गरमागरम परोसें
तैयार हांडवो को टुकड़ों में काटें और हरी चटनी, मीठी चटनी या दही के साथ परोसें। ऊपर से थोड़ा ताजा धनिया डाल सकते हैं। इसका स्वाद गरम या हल्का ठंडा, दोनों तरह से अच्छा लगता है।
अगर आपको यह खबर उपयोगी लगी हो, तो इसे सोशल मीडिया पर शेयर करना न भूलें और हर अपडेट के लिए जुड़े रहिए [haribhoomi.com] के साथ।
लेखक: (कीर्ति)
Diabetes Control: डायबिटीज कंट्रोल करने के लिए सही लाइफस्टाइल भी जरूरी, इन आदतों से ब्लड शुगर करें मैनेज
Dal Makhani Recipe: ढाबे वाली दाल मखनी घर पर करें तैयार, मेहमानों को खूब पसंद आएगा स्वाद
Garlic Benefits: एंटी-ऑक्सीडेंट्स से भरपूर होती है लहसुन कली, सुबह खाली पेट खाने के मिलेंगे 5 फायदे
Garlic Benefits: लहसुन की एक छोटी-सी कली सेहत के लिए कई तरह से फायदेमंद हो सकती है। भारतीय रसोई में इस्तेमाल होने वाला लहसुन न केवल खाने का स्वाद बढ़ाता है, बल्कि इसमें मौजूद सल्फर यौगिक और एंटीऑक्सीडेंट गुण भी इसे खास बनाते हैं। कई लोग सुबह खाली पेट कच्चा लहसुन खाने को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाते हैं। हालांकि, इसे खाने से मिलने वाले फायदे व्यक्ति की सेहत और खाने के तरीके पर निर्भर करते हैं।
खाली पेट लहसुन खाने को लेकर कई तरह के दावे किए जाते हैं, जैसे पाचन बेहतर होना, इम्युनिटी मजबूत होना और ब्लड शुगर या कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में मदद मिलना। लेकिन यह समझना जरूरी है कि कच्चा लहसुन किसी बीमारी का इलाज नहीं है और खाली पेट खाने से अतिरिक्त फायदे मिलने के पर्याप्त वैज्ञानिक प्रमाण नहीं हैं। आइए जानते हैं लहसुन के संभावित फायदे, सेवन का सही तरीका और किन लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए।
एंटीऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर
लहसुन में सल्फर यौगिक पाए जाते हैं, जिनमें एलिसिन प्रमुख है। लहसुन को काटने या कुचलने पर एलिसिन बनने लगता है। इसमें एंटीऑक्सीडेंट और जैविक गतिविधियां होती हैं, जो शरीर में ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस से जुड़ी प्रक्रियाओं पर प्रभाव डाल सकती हैं। हालांकि, इससे किसी खास बीमारी से बचाव की गारंटी नहीं मिलती।
हृदय स्वास्थ्य में मददगार हो सकता है
कुछ अध्ययनों में लहसुन या उसके सप्लीमेंट्स के सेवन से ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल के कुछ स्तरों में मामूली सुधार देखा गया है। इसका प्रभाव व्यक्ति, उत्पाद और सेवन की मात्रा पर निर्भर करता है। हाई ब्लड प्रेशर या कोलेस्ट्रॉल की दवाओं की जगह लहसुन का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।
पाचन से जुड़ी परेशानी में सावधानी
लहसुन में मौजूद यौगिक पाचन तंत्र पर असर डाल सकते हैं। कुछ लोगों को इससे पाचन संबंधी लाभ महसूस हो सकता है, लेकिन कच्चा लहसुन हर व्यक्ति के लिए अनुकूल नहीं होता। संवेदनशील पेट वाले लोगों को खाली पेट लहसुन खाने से जलन, गैस, पेट दर्द या एसिडिटी की शिकायत हो सकती है।
इम्युनिटी को सपोर्ट करने में मदद
लहसुन में मौजूद जैव सक्रिय यौगिकों पर इम्युनिटी से जुड़े शोध किए गए हैं। हालांकि, इंसानों में लहसुन खाने से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ने के पर्याप्त प्रमाण अभी उपलब्ध नहीं हैं। इसे संतुलित आहार का हिस्सा माना जा सकता है, लेकिन संक्रमण से बचाव के लिए केवल लहसुन पर निर्भर नहीं रहना चाहिए।
ब्लड शुगर और मेटाबॉलिक हेल्थ
कुछ शोधों में लहसुन के सेवन या सप्लीमेंट्स से ब्लड शुगर में मामूली सुधार की संभावना सामने आई है। फिर भी, इसके प्रभाव सीमित हो सकते हैं और अलग-अलग अध्ययनों में परिणाम भिन्न रहे हैं। डायबिटीज के मरीजों को डॉक्टर की सलाह के बिना दवाएं बंद करके लहसुन का सेवन नहीं करना चाहिए।
खाली पेट लहसुन खाने का सही तरीका
अगर आप लहसुन को अपनी डाइट में शामिल करना चाहते हैं, तो इसे भोजन के साथ या भोजन में मिलाकर खाना भी एक विकल्प है। खाली पेट लहसुन खाने से ही अधिक फायदे मिलते हैं, ऐसा साबित नहीं हुआ है। कच्चा लहसुन कुछ लोगों में जलन और पेट की परेशानी पैदा कर सकता है। इसलिए अपने शरीर की प्रतिक्रिया को ध्यान में रखें।
किन लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए?
जिन लोगों को एसिडिटी, पेट दर्द या लहसुन से एलर्जी की समस्या होती है, उन्हें सावधानी बरतनी चाहिए।
ब्लड थिनर जैसे एंटीकोएगुलेंट लेने वाले लोग लहसुन के सप्लीमेंट्स का इस्तेमाल करने से पहले डॉक्टर से सलाह लें।
सर्जरी होने वाली हो, तो लहसुन के सप्लीमेंट्स के बारे में चिकित्सक को जरूर बताएं।
गर्भावस्था या स्तनपान के दौरान भोजन में सामान्य मात्रा से अधिक लहसुन या सप्लीमेंट लेने से पहले डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
(Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई सामग्री सिर्फ जानकारी के लिए है। हरिभूमि इनकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी सलाह या सुझाव को अमल में लेने से पहले किसी विशेषज्ञ/डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।)
अगर आपको यह खबर उपयोगी लगी हो, तो इसे सोशल मीडिया पर शेयर करना न भूलें और हर अपडेट के लिए जुड़े रहिए [haribhoomi.com] के साथ।
लेखक: (कीर्ति)
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Haribhoomi








/newsnation/media/agency_attachments/logo-webp.webp)
