Fact Check: ‘यादव जी की लव स्टोरी’ फिल्म पर प्रदर्शन को लेकर वायरल हो रहा वीडियो AI निर्मित है
विश्वास न्यूज की पड़ताल में सामने आया कि यह दावा भ्रामक है। वायरल वीडियो किसी असली प्रदर्शन का नहीं है, बल्कि इसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक की मदद से तैयार किया गया है। एआई वीडियो को विरोध-प्रदर्शन का बताते हुए गलत दावे के साथ शेयर किया जा रहा है।
The post Fact Check: ‘यादव जी की लव स्टोरी’ फिल्म पर प्रदर्शन को लेकर वायरल हो रहा वीडियो AI निर्मित है appeared first on Vishvas News.
PNB करेंसी चेस्ट में 17.29 करोड़ के जाली नोट का मामला, NIA ने एक और आरोपी को किया गिरफ्तार
PNB Currency Chest Driver Arrested: पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के सहारनपुर स्थित करेंसी चेस्ट में जाली भारतीय मुद्रा से जुड़ी साजिश के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने एक और अहम आरोपी को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपी की पहचान आदेश चौधरी के रूप में हुई है, जो सहारनपुर के कुतुबशेर थाना क्षेत्र की न्यू नंदपुरी कॉलोनी का रहने वाला है. वह PNB की करेंसी चेस्ट में कॉन्ट्रैक्ट पर ड्राइवर के तौर पर काम करता था. NIA के मुताबिक, आदेश इस साजिश में शामिल प्रमुख आरोपियों में से एक है.
यह मामला RC-02/2026/NIA/LKW के तहत दर्ज है. NIA की ओर से 7 सितंबर को इसी मामले में नामजद आरोपी अमित कुमार को गिरफ्तार किए जाने के बाद यह दूसरी अहम गिरफ्तारी है. NIA की 7 सितंबर की प्रेस विज्ञप्ति में भी सहारनपुर PNB करेंसी चेस्ट से जुड़े जाली नोट मामले में मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी की पुष्टि की गई थी.
करेंसी चेस्ट से मिले थे 17.29 करोड़ के जाली नोट
मामले की शुरुआत 29 अगस्त 2026 को हुई, जब सहारनपुर के सदर बाजार थाना पुलिस को PNB के सहारनपुर करेंसी चेस्ट से बड़ी मात्रा में जाली भारतीय मुद्रा बरामद होने की विश्वसनीय सूचना मिली. जांच के दौरान करीब 17.29 करोड़ रुपये अंकित मूल्य के नकली भारतीय नोट बरामद किए गए.
प्रारंभिक जांच में बैंक के तीन कर्मचारियों की भूमिका भी सामने आई थी, जिसके बाद बैंक ने तीनों को निलंबित कर दिया था.
पहले स्थानीय पुलिस ने दर्ज की थी FIR
मामले में सहारनपुर के सदर बाजार थाने में FIR संख्या 0431/2026, 29 अगस्त 2026 को दर्ज की गई थी. FIR भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 178 के तहत तीन आरोपियों के खिलाफ दर्ज हुई थी.
इसके बाद मामले को राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े पहलुओं और जाली भारतीय मुद्रा की साजिश की गंभीरता को देखते हुए NIA ने अपने हाथ में लिया. 3 सितंबर 2026 को NIA ने मामले को दोबारा RC-02/2026/NIA/LKW के रूप में दर्ज किया.
7 सितंबर को अमित कुमार की गिरफ्तारी
जांच के दौरान NIA ने 7 सितंबर को FIR में नामजद आरोपी अमित कुमार को गिरफ्तार किया था. अब आदेश चौधरी की गिरफ्तारी के साथ जांच एजेंसी करेंसी चेस्ट के भीतर जाली नोटों की मौजूदगी, उनकी आवाजाही और इस पूरी साजिश में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की पड़ताल कर रही है.
ड्राइवर की भूमिका भी जांच के घेरे में
NIA के अनुसार, आदेश चौधरी PNB करेंसी चेस्ट में कॉन्ट्रैक्ट ड्राइवर के तौर पर कार्यरत था और उसे इस साजिश से जुड़े प्रमुख आरोपियों में शामिल किया गया है. जांच एजेंसी अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि करेंसी चेस्ट में जाली नोट किस तरह पहुंचे, किन लोगों की मदद से उनकी आवाजाही हुई और इस नेटवर्क में बैंक कर्मचारियों तथा बाहरी लोगों की क्या भूमिका थी.
NIA ने स्पष्ट किया है कि पूरी साजिश का खुलासा करने के लिए जांच जारी है. एजेंसी शेष सह-आरोपियों और संदिग्धों की पहचान तथा गिरफ्तारी के लिए भी कार्रवाई कर रही है. NIA की आधिकारिक प्रेस-रिलीज सूची में इस मामले की 7 सितंबर की कार्रवाई दर्ज है.
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Vishvasnews
News Nation









