देशभर में सड़क सुरक्षा को मजबूत बनाने के लिए सरकार लगातार नए नियम लागू कर रही है। अब केवल सुरक्षित ड्राइविंग करना ही काफी नहीं है, बल्कि यह भी जरूरी है कि आपकी कार सभी अनिवार्य सुरक्षा मानकों पर खरी उतरे। कई बार वाहन चालक किसी भी ट्रैफिक नियम का उल्लंघन नहीं करते, फिर भी चेकिंग के दौरान उनकी कार में जरूरी फीचर्स या दस्तावेजों की कमी मिलने पर चालान काट दिया जाता है। ऐसे में हर कार मालिक को यह जानना चाहिए कि किन फीचर्स का होना अनिवार्य है और उनकी अनदेखी कितनी महंगी पड़ सकती है।
HSRP और फ्यूल स्टिकर को बिल्कुल नजरअंदाज न करें
अगर आपकी कार में अभी भी सामान्य या पुरानी नंबर प्लेट लगी हुई है, तो उसे जल्द से जल्द हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) से बदलवा लेना चाहिए। HSRP में लेजर कोड, क्रोमियम आधारित होलोग्राम और यूनिक पहचान संख्या जैसी आधुनिक सुरक्षा तकनीक होती है, जिससे वाहन की सही पहचान आसान हो जाती है और फर्जी नंबर प्लेट के इस्तेमाल पर रोक लगती है।
इसके साथ ही विंडशील्ड पर रंग-आधारित फ्यूल स्टिकर भी अनिवार्य माना गया है। जांच के दौरान HSRP या फ्यूल स्टिकर नहीं मिलने पर वाहन चालक पर लगभग 5,000 से 10,000 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
सीटबेल्ट केवल आगे नहीं, पीछे बैठे यात्रियों के लिए भी जरूरी
आज की अधिकांश नई कारों में आगे और पीछे दोनों सीटों पर थ्री-पॉइंट सीटबेल्ट दी जाती है। सड़क सुरक्षा नियमों के अनुसार पीछे बैठे यात्रियों के लिए भी सीटबेल्ट लगाना उतना ही जरूरी है जितना आगे बैठे लोगों के लिए।
कुछ लोग सीटबेल्ट अलार्म को बंद करने के लिए नकली बकल या क्लिप का इस्तेमाल करते हैं, जो नियमों के खिलाफ है। यदि जांच के दौरान कोई यात्री बिना सीटबेल्ट के पाया जाता है, तो करीब 1,000 रुपये तक का चालान किया जा सकता है।
ABS, रियर पार्किंग सेंसर और स्पीड अलर्ट सिस्टम भी अहम
आधुनिक कारों में एंटी लॉक ब्रेकिंग सिस्टम (ABS), रियर पार्किंग सेंसर और स्पीड अलर्ट सिस्टम जैसे फीचर्स सड़क सुरक्षा को बेहतर बनाने के लिए दिए जाते हैं। ABS अचानक ब्रेक लगाने की स्थिति में वाहन का संतुलन बनाए रखने में मदद करता है, जबकि रियर पार्किंग सेंसर पीछे मौजूद बाधाओं की जानकारी देकर दुर्घटना की संभावना कम करता है।
वहीं स्पीड अलर्ट सिस्टम निर्धारित गति सीमा पार होने पर चालक को चेतावनी देता है। इन सुरक्षा सुविधाओं को जानबूझकर हटाना, निष्क्रिय करना या किसी भी तरह से बाईपास करना नियमों का उल्लंघन माना जा सकता है।
आखिर क्यों जरूरी हैं ये सभी सुरक्षा फीचर्स?
सरकार द्वारा अनिवार्य किए गए ये सभी फीचर्स केवल चालान से बचने के लिए नहीं, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं को कम करने और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लागू किए गए हैं। HSRP वाहन की विश्वसनीय पहचान स्थापित करती है, सीटबेल्ट गंभीर दुर्घटनाओं में जान बचाने में मदद करती है, ABS वाहन को फिसलने से बचाता है, रियर सेंसर सुरक्षित पार्किंग सुनिश्चित करते हैं और स्पीड अलर्ट चालक को नियंत्रित गति बनाए रखने की याद दिलाता है।
सफर पर निकलने से पहले करें यह जरूरी जांच
यदि आप नियमित रूप से कार का उपयोग करते हैं, तो समय-समय पर अपनी गाड़ी की सुरक्षा सुविधाओं की जांच करना बेहद जरूरी है। सुनिश्चित करें कि HSRP और फ्यूल स्टिकर सही स्थिति में हों, सभी सीटबेल्ट काम कर रही हों, ABS सिस्टम में कोई खराबी न हो और पार्किंग सेंसर तथा स्पीड अलर्ट सिस्टम सामान्य रूप से कार्य कर रहे हों। थोड़ी-सी सावधानी न केवल आपको भारी चालान से बचाएगी, बल्कि सड़क पर आपकी और आपके परिवार की सुरक्षा भी सुनिश्चित करेगी।
Asian Games 2026: भारतीय क्रिकेटरों को आमतौर पर विदेशी दौरों पर 5-स्टार होटल में ठहराया जाता है, लेकिन जापान के नागोया में होने वाले आगामी एशियन गेम्स में ऐसा नहीं होगा। भारतीय पुरुष और महिला क्रिकेट टीमों को आयोजकों की ओर से तय किए गए होटल में ठहराया जाएगा। BCCI उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने मंगलवार को इसकी पुष्टि की।
राजीव शुक्ला ने बताया कि नागोया में अच्छे होटलों की कमी के कारण यह मामला सामने आया था। हालांकि, उन्होंने साफ किया कि खिलाड़ियों के लिए यह कोई बड़ी समस्या नहीं है। BCCI ने होटल की तस्वीरें और वीडियो देखे हैं और टीमों को वहां मिलने वाली सुविधाओं से संतुष्ट है।
शुक्ला ने कहा कि होटल 5-स्टार श्रेणी के नहीं हैं, लेकिन अच्छी और आरामदायक व्यवस्था है। खिलाड़ियों को ट्विन शेयरिंग रूम में नहीं रखा जाएगा, बल्कि हर खिलाड़ी के लिए अलग कमरा होगा। उन्होंने कहा- विकल्प के तौर पर खिलाड़ियों को टोक्यो या ओसाका में ठहराया जा सकता था, लेकिन दोनों शहर नागोया से काफी दूर हैं।
भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) की अध्यक्ष पीटी उषा ने भी कहा कि खिलाड़ियों के ठहरने का इंतजाम हो चुका है। उन्होंने बताया- IOA ने अन्य खिलाड़ियों के लिए होटल बुक किए हैं, जबकि क्रिकेटरों के होटल की व्यवस्था BCCI ने की है। आयोजक खिलाड़ियों के लिए होटल के अलावा छोटे विला और एक शिप में ठहरने की व्यवस्था भी कर रहे हैं।
शुक्ला ने कहा कि एशियन गेम्स में सभी टीमें एक परिवार की तरह रहती हैं। ऐसे में कुछ खिलाड़ियों को टोक्यो और कुछ को ओसाका में ठहराना सही नहीं लगता। इसलिए भारतीय क्रिकेटरों को नागोया में ही रखा जाएगा। होटल की व्यवस्था IOA, एशियन गेम्स आयोजन समिति और जापान क्रिकेट एसोसिएशन के सहयोग से की जा रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि असली चिंता होटल नहीं, बल्कि मैदान, पिच और ड्रेसिंग रूम को लेकर थी। एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) की टीम ने वहां जाकर इन व्यवस्थाओं का जायजा लिया और अब वह मैदान, विकेट और ड्रेसिंग रूम से संतुष्ट है।
भारतीय पुरुष टीम 20 सितंबर को जापान के लिए रवाना होगी। 22 सितंबर को वह जापान के खिलाफ ऐतिहासिक एकमात्र T20I मुकाबला खेलेगी। इसके बाद 28 सितंबर को एशियन गेम्स में अपना पहला मैच खेलेगी।
सैमसन और ईशान के एशियन गेम्स में होने के कारण उम्मीद लगाई जा रही थी कि ऋषभ पंत की ODI टीम में वापसी होगी लेकिन ऐसा नहीं हुआ. ऐसे में सेलेक्शन कमेटी ने पंत को एक नई जिम्मेदारी दी है. Wed, 16 Sep 2026 21:45:36 +0530