Responsive Scrollable Menu

BRICS बिजनेस फोरम में शामिल हुए विभिन्न देशों के राष्ट्रपति-प्रधानमंत्री, जानें किस नेता ने क्या कहा?

BRICS समिट से पहले नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम् में बिज़नेस फोरम के लीडर्स सेशन आयोजित किया गया. बैठक में दुनिया भर के नेता शामिल हुए. इसके अलावा, बैठक को विभिन्न नेताओं ने संबोधित किया. किस नेता ने क्या कहा? आइये जानते हैं…

क्या बोले ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान

BRICS बिज़नेस फोरम के लीडर्स सेशन में, ईरान के प्रेसिडेंट मसूद पेज़ेशकियन ने कहा, "आज दुनिया अपने सबसे मुश्किल दौर से गुज़र रही है. जियोपॉलिटिकल अनिश्चितता, सप्लाई चेन में रुकावट और पॉलिटिकल दबाव डालने के लिए इकोनॉमिक तरीकों के बढ़ते इस्तेमाल ने उन देशों के इकोनॉमिक माहौल को और मुश्किल बना दिया है जिनमें वे काम करते हैं. सवाल यह है कि इन चुनौतियों पर BRICS का क्या जवाब है? हमारा मानना ​​है कि BRICS की असली ताकत सिर्फ़ इसके मेंबर्स की इकॉनमी के साइज़ तक ही सीमित नहीं है, बल्कि यह तब और साफ़ हो जाती है जब ये कैपेसिटी ट्रेड, इन्वेस्टमेंट और जॉइंट फाइनेंसिंग के नेटवर्क में बदल जाती हैं - यह पोटेंशियल कोऑपरेशन से ऑपरेशनल नेटवर्क में बदलाव है."

क्या बोले ब्राजीलियन विदेश मंत्री  

BRICS बिज़नेस फ़ोरम के लीडर्स सेशन में, ब्राज़ील के विदेश मंत्री माउरो विएरा ने कहा, "हम आज ग्लोबल साउथ में दशकों से लगातार हो रही ग्रोथ की वजह से ग्लोबल माहौल में बड़े बदलावों के बीच मिल रहे हैं. 1960 के दशक से लेकर आज तक, दुनिया की GDP में कम और मिडिल-इनकम वाले देशों का हिस्सा 20% से बढ़कर 50% से ज़्यादा हो गया है. आज BRICS सदस्य दुनिया के इकोनॉमिक आउटपुट का 40% हिस्सा हैं. अपने हालिया विस्तार के साथ, BRICS ने खुद को दुनिया की कुछ सबसे डायनामिक और खुशहाल इकोनॉमी को जोड़ने वाले एक प्लेटफ़ॉर्म के तौर पर मज़बूत किया है. ऐसे समय में जब ग्लोबल इकोनॉमी को प्रोटेक्शनिज़्म, इकोनॉमिक दबाव और एकतरफ़ा पाबंदियों से खतरा है, हमारे प्रोडक्टिव सेक्टर को एक साथ लाना पहले से कहीं ज़्यादा ज़रूरी है."

रामाफोसा बोले- खनिज के बदले हमें इन्वेस्टमेंट चाहिए

दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा ने कहा कि अफ्रीका सिर्फ दुनिया को अपने खनिज देता रहे और बदले में उसे अपनी अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए निवेश न मिले, ऐसा नहीं चल सकता. दिल्ली में BRICS बिजनेस फोरम में बोलते हुए उन्होंने अफ्रीकी देशों में ज्यादा निवेश और BRICS देशों के बीच मजबूत आर्थिक साझेदारी की जरूरत बताई.

पुतिन ने पश्चिमी देशों पर कसा तंज

पुतिन ने पश्चिमी देशों पर तंज भी कसा. उन्होंने कहा कि समझ नहीं आता कि कुछ कमजोर हो चुके पश्चिमी देश अब भी खुद को G7 क्यों कहते हैं. ब्रिक्स आर्थिक शक्ति में G7 में काफी ज्यादा आगे निकल गए हैं. उन्होंने कहा कि पश्चिम देशों का दबदबा अब पहले जैसा नहीं रह गया है. 

दुनिया की आधी आबादी ब्रिक्स देशों में- मोदी

पीएम ने कहा कि दुनिया की आधी आबादी BRICS देशों में ही रहती है. ये देश दुनिया की 40% GDP और 25% से ज्यादा ग्लोबल ट्रेड में हिस्सा रखते हैं. उन्होने आगे कहा कि पिछले कुछ वर्षों में दुनिया की जीडीपी करीब ढाई गुना बढ़ी है तो वहीं ब्रिक्स देशों की जीडीपी साढ़े चार गुना से अधिक बढ़ी है. आसान भाषा में कहें तो ब्रिक्स की अर्थव्यवस्था बाकी दुनिया से करीब दोगुनी तेजी से बढ़ी है. पीएम ने कहा कि BRICS देश अब इनोवेशन और नई टेक्नोलॉजी के बड़े केंद्र बन रहे हैं. भारत में हो रहा BRICS बिजनेस फोरम अब तक का सबसे बड़ा फोरम है.

 

 

 

Continue reading on the app

EXPLAINER: क्रिकेट में मैच का नतीजा कब होता है टाई, ड्रॉ और नो रिजल्ट? यहां समझिए तीनों के नियम

Explainer On Cricket Match Result: क्रिकेट को भारत में काफी ज्यादा पसंद किया जाता है. इस खेल के प्रति फैंस में जुनून देखते ही बनता है. टेस्ट हो, वनडे हो या फिर टी-20 हो... तीनों ही फॉर्मेट की अपना अलग रुतबा है और सभी को फैंस काफी पसंद करते हैं. क्रिकेट के सबसे पुराने फॉर्मेट को रोमांचक बनाने के लिए आईसीसी ने वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की शुरुआत की और इससे इस फॉर्मेट के प्रति फैंस का रुझान काफी ज्यादा बढ़ गया. तो वहीं टी-20 फॉर्मेट में छक्के-चौकों की बरसात तो हमेशा से ही क्रिकेट फैंस का दिल जीतती आ रही है. वनडे फॉर्मेट का अलग ही रोमांच है, जिसमें टीमों को वापसी करने का मौका मिलता है और क्रिकेटर्स को अपना खेल दिखाने का भी मौका मिलता है. मगर, इन तीनों ही फॉर्मेट में खेले जाने वाले मैचों के अक्सर नतीजे तो आते हैं, मगर कई बार नतीजे नहीं भी आते हैं. लेकिन, क्या आपको मालूम है कि जीत-हार के अलावा भी 3 नतीजे होते हैं... टाई, ड्रॉ और नो-रिजल्ट... तो आइए इस आर्टिकल में आपको इन तीनों नतीजों के बारे में ही बताते हैं.

कब हुई थी क्रिकेट की शुरुआत?

क्रिकेट की शुरुआत कब हुई, इसका कोई एक निश्चित वर्ष नहीं है. माना जाता है कि इसका प्रारंभ इंग्लैंड में 16वीं शताब्दी के आसपास हुआ और धीरे-धीरे यह संगठित खेल बना. 18वीं शताब्दी तक क्रिकेट काफी लोकप्रिय हो चुका था. 1744 में क्रिकेट के पहले व्यापक रूप से स्वीकार किए गए नियम तैयार किए गए, जिसने खेल को एक व्यवस्थित रूप दिया. हालांकि शुरुआती दौर के कई मुकाबलों का रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं है. बाद में 1787 में मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब की स्थापना हुई, जिसने क्रिकेट के नियमों और विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.

टीम इंडिया ने पहला क्रिकेट मैच कब खेला?

भारतीय क्रिकेट टीम ने अपना पहला इंटरनेशनल मुकाबला टेस्ट मैच के रूप में 25 जून 1932 को इंग्लैंड के खिलाफ खेला था. यह मुकाबला लंदन के ऐतिहासिक लॉर्ड्स मैदान पर 25 से 28 जून तक चला था. भारत की कप्तानी सीके नायडू ने की थी. इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 259 रन बनाए, जिसके जवाब में भारत की पहली पारी 189 रन पर सिमट गई. इंग्लैंड ने दूसरी पारी में 275/8 घोषित कर भारत के सामने मुश्किल लक्ष्य रखा. भारतीय टीम दूसरी पारी में 187 रन ही बना सकी. इस तरह इंग्लैंड ने भारत को 158 रन से हराया.

क्रिकेट में टाई क्या होता है?

क्रिकेट में टाई उस स्थिति को कहा जाता है जब दोनों टीमों का स्कोर बिल्कुल बराबर हो और दूसरी टीम के सभी विकेट गिर जाएं या उसके निर्धारित ओवर पूरे हो जाएं. यानी दोनों टीमों ने मैच में समान रन बनाए हों.

टाई और ड्रॉ अलग-अलग परिणाम हैं. टाई मुख्य रूप से सीमित ओवरों के क्रिकेट में देखने को मिलता है, जबकि टेस्ट क्रिकेट में भी टाई संभव है, लेकिन यह बेहद दुर्लभ है. वनडे या टी20 में मुकाबला टाई होने पर प्रतियोगिता के नियमों के अनुसार सुपर ओवर कराया जा सकता है. टेस्ट क्रिकेट में टाई होने पर कोई अतिरिक्त खेल नहीं होता और मैच टाई घोषित कर दिया जाता है.

क्रिकेट में ड्रॉ क्या होता है?

क्रिकेट में ड्रॉ उस स्थिति को कहा जाता है जब निर्धारित समय खत्म होने तक मैच का फैसला नहीं हो पाता और कोई भी टीम जीत हासिल नहीं कर पाती. यह परिणाम आमतौर रूप से टेस्ट क्रिकेट में देखने को मिलता है. उदाहरण के लिए, अगर पांच दिन का टेस्ट मैच पूरा होने के बावजूद दोनों टीमों की सभी पारियां खत्म नहीं होती हैं और कोई टीम लक्ष्य हासिल नहीं कर पाती, तो मुकाबला ड्रॉ घोषित कर दिया जाता है.

इसमें जरूरी नहीं कि दोनों टीमों का स्कोर बराबर हो. यही ड्रॉ और टाई के बीच सबसे बड़ा अंतर है. टेस्ट क्रिकेट में ड्रॉ होने पर दोनों टीमों को बराबर अंक मिलते हैं, जबकि टाई में दोनों टीमों का स्कोर समान होता है और मैच का परिणाम टाई रहता है.

क्रिकेट में नो-रिजल्ट क्या होता है?

क्रिकेट के खेल में नो-रिजल्ट उस स्थिति को कहा जाता है जब मैच में पर्याप्त खेल नहीं हो पाता और किसी भी टीम को विजेता घोषित करने के लिए जरूरी ओवर पूरे नहीं होते. यह स्थिति आमतौर पर बारिश, खराब मौसम, खराब रौशनी या अन्य कारणों से सीमित ओवरों के मैच में बनती है. वनडे और टी20 मुकाबलों में अगर बारिश के कारण मैच रुक जाए और न्यूनतम जरूरी ओवर पूरे नहीं हो पाते हैं, तो मुकाबला नो-रिजल्ट यानि बेनतीजा घोषित कर दिया जाता है. ऐसे में किसी टीम को जीत या हार नहीं मिलती. टूर्नामेंट के नियमों के अनुसार दोनों टीमों को आमतौर पर एक-एक अंक दिया जाता है. नो-रिजल्ट में मैच टाई नहीं माना जाता.

किस फॉर्मेट में भारत का कौन सा पहला कप्तान रहा?

भारतीय क्रिकेट में अलग-अलग फॉर्मेट में टीम की कप्तानी करने वाले शुरुआती कप्तानों का अपना खास इतिहास है। टेस्ट क्रिकेट में भारत के पहले कप्तान सीके नायडू थे। उन्होंने 1932 में इंग्लैंड के खिलाफ भारत के पहले टेस्ट में टीम की कमान संभाली थी। वनडे क्रिकेट में भारत के पहले कप्तान अजीत वाडेकर रहे। उन्होंने 1974 में इंग्लैंड के खिलाफ भारत के पहले वनडे में कप्तानी की थी। वहीं टी20 इंटरनेशनल में भारत के पहले कप्तान वीरेंद्र सहवाग थे। उन्होंने 2006 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ भारत के पहले टी20 इंटरनेशनल मैच में टीम की कप्तानी की थी। इस तरह तीनों फॉर्मेट में भारत के शुरुआती कप्तानों का इतिहास अलग है।

ये भी पढ़ें: अफगानिस्तान के खिलाफ कैसी हो सकती है भारत की प्लेइंग-11, जानिए कौन होगा अंदर, कौन होगा बाहर

Continue reading on the app

  Sports

IND vs AFG: मैच से 48 घंटे पहले भारत को तगड़ा झटका, चोटिल हुए ईशान किशन

Ishan Kishan Injured: भारत और अफगानिस्तान के बीच खेली जाने वाली टी20 सीरीज से पहले टीम इंडिया को बड़ा झटका लगा है. ईशान किशन चोटिल हो गए हैं, जिसके चलते उन्हें प्रैक्टिस सेशन भी छोड़ना पड़ा. Fri, 11 Sep 2026 22:21:34 +0530

  Videos
See all

BRICS Summit 2026 के लिए India पहुंचे Republic of Burundi के President Évariste Ndayishimiye #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-11T17:12:28+00:00

BRICS Summit 2026: पुतिन की सुरक्षा एक 'चक्रव्यूह' है! #shorts #putinsecurity #pmmodi #viralvideo #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-11T17:10:32+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers