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Nepal Disaster Real Face: 1 लाख बेघर, मलबे में दबी जिंदगी और आसमान तले रात... नेपाल में आई आपदा की यह खौफनाक कहानी कंपा देगी!

नेपाल और तिब्बत सीमा पर लांगतांग लिरुंग ग्लेशियर के टूटने से आई तबाही का मंजर दिन-ब-दिन और भयावह होता जा रहा है। शुरुआत में इसे मामूली मानसूनी बारिश समझा गया था, लेकिन सैटेलाइट डेटा और भूकंपीय हलचलों ने साफ कर दिया कि तिब्बत सीमा पर मलबे से बने अस्थायी बांध के अचानक फटने से यह प्रलय आई।

महज 13 मिनट के भीतर जलस्तर 9 मीटर तक बढ़ गया, जिसने स्याफ्रुबेंसी मॉनिटरिंग स्टेशन को तबाह कर दिया और रसुवा, नुवाकोट, धादिंग समेत आठ जिलों को जलमग्न कर दिया। इस महाविनाश ने 1 लाख से अधिक लोगों से उनका घर छीन लिया है।

​675 शव बरामद, 2,400 से ज्यादा लापता: विदेशियों पर भी संकट 
नेपाल पुलिस के अनुसार अब तक 675 लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं, जिनमें से अकेले चितवन से 246 और नवलपरासी से 200 से अधिक शव मिले हैं। इस भीषण जलप्रलय में करीब 2,400 लोग लापता हैं। आपदा के वक्त सीमावर्ती इलाकों में मौजूद 777 से ज्यादा विदेशी नागरिक जिनमें 100 से अधिक भारतीय शामिल हैं)

लापता बताए जा रहे हैं। भारत सरकार और दूतावास ने अपने नागरिकों की खोजबीन के लिए काठमांडू में इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर (+9779851316807, +9779709107500) जारी किए हैं।

​त्रिशूली हाइड्रो पावर टनल में फंसे मजदूर, एयर पाइप से भेजी जा रही सांसें 
जलप्रलय की सबसे दर्दनाक तस्वीर रसुवा और नुवाकोट स्थित हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट्स से सामने आई है। त्रिशूली 3A और 3B जलविद्युत परियोजनाओं की टनल के भीतर दर्जनों मजदूर मलबे और पानी के बीच फंसे हुए हैं।

नेपाली सेना के बचावकर्मी टनल के अंदर हवा की पाइपलाइन भेजकर ऑक्सीजन पहुंचा रहे हैं ताकि अंदर फंसे लोगों की सांसें चलती रहें। भारी ड्रिलिंग मशीनों और हेलीकॉप्टरों की मदद से टनल को काटने का काम युद्धस्तर पर जारी है।

​13 मिनट में तबाही: 'पेड़ नहीं होता तो बह जाता...' 
स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों की आपबीती रोंगटे खड़े कर देने वाली है। विदुर में शौचालय के लिए गड्ढा खोद रहे मजदूर बिबेक कुमाल ने बताया कि पानी और पत्थरों का सैलाब इतनी तेजी से आया कि भागने का मौका भी नहीं मिला। वे बहाव में बहने लगे, लेकिन किस्मत से एक आम का पेड़ उनके हाथ आ गया और उन्होंने उसे कसकर पकड़ लिया। आईसीआईएमओडी (ICIMOD) के आंकड़ों के मुताबिक, बाढ़ इतनी अचानक आई कि लोगों को चेतावनी संदेश मिलने से पहले ही कई गांव पानी के बहाव में स्वाहा हो गए।

​5 अरब डॉलर का नुकसान, शव गृहों के लिए नेपाल ने मांगी अंतरराष्ट्रीय मदद 
नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल के मुताबिक देश को इस तबाही से उबरने और पुनर्निर्माण के लिए कम से कम 5 अरब डॉलर (करीब 40 हजार करोड़ रुपये) की जरूरत होगी। देश के अस्पताल और शवगृह फुल हो चुके हैं, जिसके चलते नेपाल सरकार ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से शवों को सुरक्षित रखने के लिए डीप फ्रीजर और तकनीकी सहायता मांगी है। अमेरिका ने 3.6 मिलियन डॉलर की आपातकालीन सहायता का ऐलान किया है, वहीं भारत की तरफ से राहत सामग्री और एनडीआरएफ की टीमें भी लगातार मदद में जुटी हैं।

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MG हेक्टर टोमाहॉक EV और PHEV भारत में लॉन्च:₹19.49 लाख शुरुआती कीमत; EV में 517Km रेंज और प्लग-इन हाइब्रिड में 1100Km से ज्यादा का माइलेज

JSW MG मोटर इंडिया ने अपनी नई SUV हेक्टर टोमाहॉक के ऑल-इलेक्ट्रिक (EV) और प्लग-इन हाइब्रिड (PHEV) दोनों मॉडल भारत में लॉन्च कर दिए हैं। हेक्टर टोमाहॉक EV की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत ₹19.49 लाख रखी गई है। कंपनी इसे बैटरी-एज-ए-सर्विस (BaaS) प्रोग्राम के तहत भी पेश कर रही है, जहां इसकी शुरुआती कीमत ₹13.99 लाख हो जाती है। यह भारत में MG की पहली गाड़ियां हैं जिन्हें नए ADAPT आर्किटेक्चर पर तैयार किया गया है। हेक्टर टोमाहॉक EV: वेरिएंट्स और कीमतें हेक्टर टोमाहॉक EV की कीमतें ₹19.49 लाख से लेकर ₹23.49 लाख (एक्स-शोरूम) के बीच तय की गई हैं। 5-सीटर मॉडल केवल टॉप एसेंस वेरिएंट में मिलेगा। वेरिएंट-वाइज कीमतें (एक्स-शोरूम): एक्साइट (7-सीटर): ₹19.49 लाख एक्सक्लूसिव (7-सीटर): ₹21.99 लाख एसेंस (7-सीटर): ₹23.49 लाख एसेंस (5-सीटर): ₹22.99 लाख MG इसे अपने 'बैटरी-एज-ए-सर्विस' (BaaS) ऑप्शन के साथ भी बेच रही है। BaaS के साथ टोमाहॉक EV की कीमतें ₹13.99 लाख से शुरू होती है। जिसके लिए ग्राहकों को ₹4.90 प्रति किलोमीटर का अतिरिक्त बैटरी रेंटल देना होगा। यह शुरुआती कीमतें सीमित यूनिट्स के लिए ही लागू होंगी। EV वेरिएंट की डिलीवरी सितंबर से शुरू की जाएगी। एक्सटीरियर और डाइमेंशन: बोल्ड SUV डिजाइन इंटीरियर और टेक फीचर्स: 15.6-इंच की बड़ी टचस्क्रीन कैबिन के अंदर 15.6-इंच का बड़ा इंफोटेनमेंट टचस्क्रीन और 8.8-इंच का डिजिटल ड्राइवर डिस्प्ले दिया गया है। इसमें वायरलेस एप्पल कारप्ले, एंड्रॉइड ऑटो, वायरलेस फोन चार्जिंग के साथ AC और ऑडियो सिस्टम के लिए जेस्चर कंट्रोल की सुविधा दी गई है। इसके अन्य मुख्य फीचर्स में शामिल हैं… बैटरी, पावर, रेंज और चार्जिंग स्पीड हेक्टर टोमाहॉक EV में 69.2kWh का बैटरी पैक दिया गया है। इसके फ्रंट में लगी इलेक्ट्रिक मोटर 204hp की पावर और 310Nm का टॉर्क जनरेट करती है। कंपनी का दावा है कि यह SUV 8.2 सेकंड में 0 से 100 किमी/घंटा की रफ्तार पकड़ सकती है और MIDC साइकिल के तहत 517 किमी की रेंज देती है। V2L और V2V फीचर्स: पावर बैंक की तरह करेगी काम यह SUV व्हीकल-टू-लोड (V2L) और व्हीकल-टू-व्हीकल (V2V) टेक्नोलॉजी को भी सपोर्ट करती है। V2L के जरिए गाड़ी की बैटरी से दूसरे बाहरी इलेक्ट्रॉनिक सामान चलाए जा सकते हैं। वहीं V2V की मदद से यह SUV किसी दूसरी इलेक्ट्रिक कार को चार्ज करने का काम भी कर सकती है। सेफ्टी फीचर्स: 6 एयरबैग्स और लेवल 2 ADAS सुरक्षा के लिए कार के सभी वेरिएंट्स में 6 एयरबैग्स स्टैंडर्ड रखे गए हैं। इसमें ट्रांसपेरेंट-चेसिस और व्हील-व्यू फंक्शन के साथ 360-डिग्री कैमरा दिया गया है। टोमाहॉक EV में लेवल 2 क्षमता वाले 11 ADAS फीचर्स दिए गए हैं। इसमें लेन डिपार्चर वार्निंग और प्रिवेंशन, फॉरवर्ड कोलिजन वार्निंग, ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेकिंग, एडेप्टिव क्रूज कंट्रोल और हाई बीम असिस्ट जैसे फीचर्स मिलते हैं। हेक्टर टोमाहॉक PHEV: ₹25.70 लाख से शुरुआत कंपनी ने टोमाहॉक का प्लग-इन हाइब्रिड (PHEV) मॉडल भी उतारा है, जिसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत ₹25.70 लाख रखी गई है। यह केवल 7-सीटर कॉन्फ़िगरेशन में अवेलेबल होगी। PHEV वेरिएंट्स की कीमतें (एक्स-शोरूम): BaaS प्रोग्राम के तहत टोमाहॉक PHEV की शुरुआती कीमत ₹21.79 लाख है, जिसके साथ ₹3.20 प्रति किलोमीटर का बैटरी रेंटल देना होगा। इसकी बुकिंग शुरू हो चुकी है और डिलीवरी नवंबर में शुरू होगी। 1100Km से ज्यादा का कंबाइंड माइलेज भारत की यह पहली मेनस्ट्रीम प्लग-इन हाइब्रिड SUV है। इसमें 1.5-लीटर नैचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन और 20.5kWh की बैटरी दी गई है। कंपनी का दावा है कि यह केवल EV मोड पर 115 किमी से ज्यादा चल सकती है। वहीं फुल फ्यूल टैंक और फुल चार्ज बैटरी के साथ यह 1100 किमी से ज्यादा की दूरी तय कर सकती है और इसका कंबाइंड माइलेज 40kmpl से ज्यादा का है। बाजार में किन गाड़ियों से मुकाबला हेक्टर टोमाहॉक EV के 7-सीटर वेरिएंट का मुकाबला महिंद्रा XEV 9S और किआ कैरेंस क्लेविस EV जैसी 3-रो गाड़ियों से होगा। वहीं इसका 5-सीटर मॉडल टाटा हैरियर EV और महिंद्रा XEV 9e को टक्कर देगा। क्या होता है BaaS (बैटरी-एज-ए-सर्विस)? BaaS एक ऐसा खरीदारी मॉडल है जिसमें ग्राहक को कार खरीदते समय बैटरी की पूरी कीमत नहीं देनी पड़ती। इससे गाड़ी की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत काफी कम हो जाती है। ग्राहक बैटरी को किराए (रेंटल) पर लेता है और गाड़ी जितने किलोमीटर चलती है, उस हिसाब से तय रुपए प्रति किलोमीटर के आधार पर किराया चुकाता है। क्या है PHEV (प्लग-इन हाइब्रिड इलेक्ट्रिक व्हीकल)? PHEV ऐसी गाड़ियां होती हैं जिनमें पेट्रोल/डीजल इंजन के साथ-साथ एक बड़ी इलेक्ट्रिक बैटरी और मोटर भी लगी होती है। इन्हें सामान्य EV की तरह बाहर से प्लग लगाकर चार्ज किया जा सकता है। यह कार कुछ दूरी केवल बिजली पर (बिना पेट्रोल खर्च किए) चल सकती है और बैटरी खत्म होने पर अपने आप पेट्रोल इंजन पर स्विच हो जाती है।

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Dasun Shanaka: 39 गेंद का धमाका, दासुन शनाका ने तोड़ा आंद्रे रसेल का रिकॉर्ड, ठोकी CPL की सबसे तेज सेंचुरी

Caribbean premier league record: श्रीलंका के पूर्व कप्तान और दुनिया के बेहतरीन ऑलराउंडर्स में शुमार दासुन शनाका ने 39 गेंद में शतक जड़ते हुए कैरेबियन प्रीमियर लीग का नया रिकॉर्ड बना दिया. शनाका ने आंद्रे रसेल का रिकॉर्ड तोड़ा है, जिन्होंने साल 2018 में 40 गेंद में शतक बनाया था. Fri, 4 Sep 2026 07:59:41 +0530

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