NALSAR Controversy: ‘नालसर का निमंत्रण कभी स्वीकार ही नहीं किया’, CJI सूर्यकांत बोले- दीक्षांत समारोह में जाने का सवाल ही नहीं उठता
NALSAR Controversy: नेशनल एकेडमी ऑफ लीगल स्टडीज एंड रिसर्च (NALSAR) यूनिवर्सिटी ऑफ लॉ, हैदराबाद से जुड़े विवाद में अब चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्यकांत की प्रतिक्रिया सामने आई है। बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) की ओर से 2026 में NALSAR से ग्रेजुएशन करने वाले छात्रों के एनरोलमेंट पर रोक लगाने के फैसले के बाद विवाद काफी बढ़ गया था। बाद में BCI ने अपना फैसला वापस लेते हुए सभी 2026 बैच के छात्रों के एडवोकेट के रूप में एनरोलमेंट का रास्ता साफ कर दिया। इसी बीच CJI सूर्यकांत ने कहा है कि उन्होंने NALSAR के दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि बनने का निमंत्रण स्वीकार ही नहीं किया था।
CJI सूर्यकांत ने क्या कहा?
CJI सूर्यकांत ने स्पष्ट किया कि NALSAR की ओर से उन्हें दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि बनने का निमंत्रण दिया गया था, लेकिन उन्होंने इसके लिए सहमति नहीं दी थी। उनके मुताबिक, जब उन्होंने निमंत्रण स्वीकार ही नहीं किया तो समारोह में उनके शामिल होने का सवाल ही नहीं उठता।
NALSAR ने कुछ दिन पहले पुष्टि की थी कि परंपरा के अनुसार CJI सूर्यकांत को दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर आमंत्रित किया गया था। समारोह अगस्त के अंत या सितंबर में आयोजित होने की संभावना बताई गई थी।
छात्रों ने CJI को मुख्य अतिथि बनाने का किया था विरोध
NALSAR के करीब 1,400 छात्रों में से लगभग 400 छात्रों ने CJI सूर्यकांत को दीक्षांत समारोह का मुख्य अतिथि बनाए जाने का विरोध किया था। छात्रों ने 20 जुलाई को संसद की ओर निकाले गए मार्च से संबंधित सुनवाई के दौरान CJI की टिप्पणियों और कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर अपनी आपत्ति जताई थी।
इसी विरोध के बीच BCI की ओर से 13 अगस्त को एक सर्कुलर जारी किया गया। इसमें सभी राज्य बार काउंसिलों को निर्देश दिया गया था कि NALSAR से 2026 में ग्रेजुएशन करने वाले छात्रों को अगले आदेश तक एडवोकेट के तौर पर एनरोल न किया जाए।
BCI ने छात्रों के खिलाफ मांगी थी जानकारी
BCI के चेयरमैन मनन कुमार मिश्रा ने यूनिवर्सिटी से उन छात्रों की जानकारी वाली रिपोर्ट भी मांगी थी, जिन पर CJI की प्रस्तावित समारोह में भागीदारी के विरोध में अभियान आयोजित करने या छात्रों को लामबंद करने का आरोप था।
BCI की इस कार्रवाई के बाद कानूनी और छात्र समुदाय के स्तर पर तीखी प्रतिक्रिया सामने आई। मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा। सुनवाई के दौरान CJI सूर्यकांत ने BCI की इस दखलंदाजी पर नाराजगी जताई और निर्देश दिया कि किसी भी लॉ यूनिवर्सिटी के छात्रों या फैकल्टी के खिलाफ BCI अथवा किसी राज्य बार काउंसिल की ओर से दंडात्मक कार्रवाई नहीं की जाए।
'यह बिल्कुल अनावश्यक और गैर-जरूरी था'
सुनवाई के दौरान CJI सूर्यकांत ने छात्रों के विरोध के अधिकार का समर्थन करते हुए कहा कि अगर छात्रों के पास किसी मुद्दे को लेकर विरोध का कारण है तो BCI का इसमें कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने छात्रों और अपने बीच के संवाद को व्यक्तिगत मामला बताया और BCI की कार्रवाई को अनावश्यक करार दिया।
BCI ने वापस लिया फैसला, छात्रों से मांगी माफी
विवाद बढ़ने और आलोचना के बाद BCI ने अपना पिछला फैसला वापस ले लिया। परिषद ने स्पष्ट किया कि NALSAR के 2026 बैच के सभी ग्रेजुएट एडवोकेट के रूप में एनरोल हो सकते हैं।
इसके बाद BCI ने graduating batch के खिलाफ चल रही सभी कार्यवाहियां भी समाप्त करने का फैसला किया। BCI चेयरमैन मनन कुमार मिश्रा ने कानून के छात्रों से माफी मांगते हुए कहा कि विवाद के दौरान उनके किसी शब्द या पत्र से छात्रों की भावनाएं आहत हुई हों तो उन्हें इसका खेद है।
इस पूरे घटनाक्रम में अब सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि एक ओर BCI ने छात्रों के खिलाफ अपनी कार्रवाई वापस ले ली है, वहीं CJI सूर्यकांत ने साफ कर दिया है कि उन्होंने NALSAR के दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि बनने की सहमति कभी दी ही नहीं थी।
Stock Market Today: कमजोर शुरुआत के साथ खुला बाजार, Nifty 24,343 पर; क्रूड 89 डॉलर के पार, डिफेंस शेयरों में तेजी
भारतीय शेयर बाजार ने सोमवार, 17 अगस्त को कारोबारी सप्ताह की शुरुआत सावधानी भरे अंदाज में की। शुरुआती कारोबार में Nifty 50 करीब 22 अंक गिरकर 24,343 के स्तर पर खुला, जबकि Bank Nifty 72 अंक की कमजोरी के साथ 57,418 के आसपास रहा। बाजार में दबाव की बड़ी वजहों में कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और वैश्विक स्तर पर बनी भू-राजनीतिक चिंता शामिल हैं।
कच्चे तेल की कीमतों पर निवेशकों की नजर बनी हुई है। Brent crude करीब 89 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंचा है। तेल की कीमतों में लगातार तेजी भारत जैसे बड़े आयातक देश के लिए महंगाई और चालू खाते से जुड़े जोखिम बढ़ा सकती है, जिससे शेयर बाजार का सेंटीमेंट प्रभावित हो रहा है।
डिफेंस शेयरों में दिखी खरीदारी
बाजार के व्यापक कमजोर रुख के बीच डिफेंस से जुड़े शेयरों में मजबूती देखने को मिली। इसके अलावा मीडिया, फार्मा और हेल्थकेयर सेक्टर के कुछ शेयरों में भी खरीदारी नजर आई। हालांकि, कुल मिलाकर बाजार में बिकवाली का दबाव ज्यादा रहा।
Nifty 50 के शुरुआती कारोबार में Eicher Motors, Hindalco, M&M, Apollo Hospitals और Adani Enterprises मजबूत शेयरों में शामिल रहे। वहीं Dr. Reddy's Laboratories, JSW Steel, Jio Financial Services, ITC और SBI पर दबाव देखने को मिला।
11 शेयरों में तेजी, 39 में बिकवाली
शुरुआती कारोबार में Nifty 50 का एडवांस-डिक्लाइन रेशियो करीब 11:39 रहा। यानी इंडेक्स के 50 शेयरों में से 11 में बढ़त, जबकि 39 शेयरों में गिरावट देखने को मिली। इससे बाजार में बिकवाली के दबाव का अंदाजा लगाया जा सकता है।
इन शेयरों पर भी रहेगी नजर
आज के कारोबार में Physics Wallah, Voltas, GMR Airports, PB Fintech (Policybazaar), Dr. Reddy's Laboratories, BEML, Indigo Paints, Dhut Transmission और Molbio Diagnostics जैसे शेयरों में भी हलचल देखने को मिल रही है।
हालिया बाजार रुझान को देखते हुए निवेशकों की नजर आगे कच्चे तेल की कीमतों, वैश्विक बाजारों और भू-राजनीतिक घटनाक्रम पर रहेगी। विशेषज्ञों के मुताबिक, निकट अवधि में बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।
डिस्क्लेमर: यह खबर बाजार की स्थिति की जानकारी के लिए है, निवेश की सलाह नहीं। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Haribhoomi








