Responsive Scrollable Menu

Uzbekistan के सर्वोच्च सम्मान से नवाजे गए PM Modi, कहा- यह 1.4 अरब भारतीयों का सम्मान है

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को रविवार को उज्बेकिस्तान के प्रतिष्ठित सम्मान ‘ओली दराजाली दोस्तलिक’ से नवाजा गया। उन्होंने यह सम्मान भारत और उज्बेकिस्तान के बीच “स्थायी” संबंधों को समर्पित किया। मोदी व्यापार, स्वच्छ ऊर्जा और संपर्क समेत कई क्षेत्रों में संबंध मजबूत करने के लिए उज्बेकिस्तान के दो दिवसीय दौरे पर हैं।

प्रधानमंत्री को यह सम्मान उज्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शौकत मिर्जियोयेव ने प्रदान किया। मोदी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘ ‘ओली दराजाली दोस्तलिक’ सम्मान प्राप्त कर मैं गौरवान्वित महसूस कर रहा हूं। मैं यह सम्मान भारत और उज्बेकिस्तान के बीच स्थायी संबंधों को समर्पित करता हूं।’’ मोदी ने अपने संबोधन में कहा, ‘‘उज्बेकिस्तान के सर्वोच्च सम्मान से सम्मानित होना मेरे लिए बहुत गर्व की बात है।’’ उन्होंने कहा कि भारत के लोग इस सम्मान के नाम में प्रयुक्त शब्द ‘दोस्तलिक’ से भली-भांति परिचित हैं।

इसे भी पढ़ें: 30 अगस्त दोपहर की बड़ी खबरें: नेपाल में बाढ़ से तबाही, मोदी का नशामुक्त भारत का आह्वान

उन्होंने कहा, ‘‘भारत में शायद ही कोई ऐसा परिवार होगा, जहां ‘दोस्तलिक’ शब्द दिन में सौ बार न बोला जाता हो। आज आपने वास्तव में इस शब्द के सार को सामने ला दिया है। ‘दोस्तलिक’ का अर्थ मित्रता है।

इसे भी पढ़ें: PM Narendra Modi ने नीतियां बनाने में विभागों, विश्वविद्यालयों और युवाओं के सहयोग का आह्वान किया

यह शब्द अपने आप में भारत और उज्बेकिस्तान के संबंधों के केंद्र में मौजूद भावना को खूबसूरती से व्यक्त करता है।’’ मोदी ने कहा कि यह सम्मान प्राप्त करना उनका व्यक्तिगत सम्मान नहीं, बल्कि 1.4 अरब भारतीयों का सम्मान है। उन्होंने कहा, ‘‘सभी भारतीयों की ओर से, मैं उज्बेकिस्तान की जनता, सरकार और अपने प्रिय मित्र राष्ट्रपति का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं। मैं इस सर्वोच्च सम्मान को बहुत विनम्रता के साथ स्वीकार करता हूं और इसे हमारे दोनों देशों के सदियों पुराने मैत्रीपूर्ण संबंधों तथा हमारी साझा विरासत को समर्पित करता हूं।’’ इससे पहले, मोदी ने मिर्जियोयेव के साथ वार्ता की, जिसके बाद भारत और उज्बेकिस्तान ने अपने संबंधों को व्यापक रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक बढ़ाने का फैसला किया।

प्रधानमंत्री 31 अगस्त से एक सितंबर तक होने वाले शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के 26वें शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए ताशकंद से किर्गिस्तान की यात्रा करेंगे।

Continue reading on the app

Modi-Mirziyoyev की मुलाकात में हुए बड़े ऐलान! 5 अरब डॉलर का व्यापार लक्ष्य, AI से लेकर रक्षा और अंतरिक्ष तक साथ आएंगे India-Uzbekistan

उज्बेकिस्तान की राजधानी ताशकंद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति शवकत मिर्जियोयेव की मौजूदगी में दोनों देशों के बीच कई समझौता ज्ञापनों का आदान-प्रदान हुआ। इस दौरान भारत और उज्बेकिस्तान ने अपने रिश्तों को ‘Comprehensive Strategic Partnership’ यानी व्यापक रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक ले जाने का फैसला किया। पीएम मोदी ने कहा कि यह उनकी उज्बेकिस्तान की चौथी यात्रा है। उन्होंने राष्ट्रपति मिर्जियोयेव और उज्बेकिस्तान की जनता का गर्मजोशी से स्वागत करने के लिए आभार जताया।

उज्बेकिस्तान के साथ दोस्ती मेरे लिए बेहद खास

पीएम मोदी ने कहा कि राष्ट्रपति मिर्जियोयेव के साथ उन्हें करीब एक दशक से काम करने का मौका मिला है और इस दौरान दोनों की 10 से ज्यादा मुलाकातें हो चुकी हैं। उन्होंने मिर्जियोयेव की सकारात्मक सोच, दूरदर्शी नजरिए और लगातार कुछ नया सीखने की इच्छा की तारीफ की। पीएम मोदी ने भारत के प्रति उनकी दोस्ती और प्रतिबद्धता के लिए भी आभार जताया।

व्यापार को 5 अरब डॉलर तक ले जाने का लक्ष्य

पीएम मोदी ने कहा कि भारत और उज्बेकिस्तान के बीच द्विपक्षीय व्यापार 1 अरब डॉलर से ज्यादा हो चुका है। अब दोनों देशों ने 2030 तक व्यापार को 5 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य तय किया है। राष्ट्रपति मिर्जियोयेव ने भी कहा कि मौजूदा 1 अरब डॉलर का व्यापार दोनों देशों की क्षमता की सीमा नहीं है। उन्होंने पहले 5 अरब डॉलर और आगे चलकर 10 अरब डॉलर के व्यापार तक पहुंचने का भरोसा जताया।

इसे भी पढ़ें: Shavkat Mirziyoyev ने PM Modi की जमकर तारीफ की, बोले- भारत की तरक्की आपके नेतृत्व से जुड़ी है

एआई, डिजिटल इनोवेशन और स्टार्टअप पर बढ़ेगा सहयोग

राष्ट्रपति मिर्जियोयेव ने भारत की डिजिटल इनोवेशन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और स्टार्टअप क्षेत्र में प्रगति की तारीफ की। उन्होंने कहा कि उज्बेकिस्तान इन क्षेत्रों में भारत की उपलब्धियों के साथ अपने सहयोग को जोड़ना चाहता है। दोनों देशों ने इन क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के लिए आगे की रणनीति और रोडमैप तैयार करने पर भी सहमति जताई है।

पीएम मोदी ने कहा कि दोनों देशों में युवा, इनोवेशन, समावेशी विकास और आधुनिक तकनीक को खास महत्व दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ये चीजें ‘यंग उज्बेकिस्तान’ और ‘विकसित भारत 2047’ दोनों की सोच के केंद्र में हैं।

ऊर्जा से लेकर कृषि और फार्मा तक सहयोग

राष्ट्रपति मिर्जियोयेव ने बताया कि दोनों देशों ने कई नए क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की संभावनाओं पर चर्चा की। इनमें ऊर्जा, संस्कृति, महत्वपूर्ण खनिज (Critical Minerals), फार्मास्युटिकल्स, ज्वेलरी और कृषि शामिल हैं।

दोनों देशों ने इन क्षेत्रों के लिए अलग-अलग रोडमैप तैयार करने का फैसला किया है। इसके लिए भारत और उज्बेकिस्तान की टीमें एक-दूसरे के देशों का दौरा करेंगी। इसके अलावा स्पेस सेक्टर में सहयोग को भी लोगों के बीच संबंध मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण बताया गया।

डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और क्लीन एनर्जी पर भी साथ

पीएम मोदी ने कहा कि दोनों देश डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर, एआई, क्रिटिकल मिनरल्स, क्लीन एनर्जी, अंतरिक्ष और परमाणु ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में मिलकर काम करेंगे। उन्होंने कहा कि इससे दोनों देशों की साझेदारी भविष्य की जरूरतों के हिसाब से और मजबूत होगी। इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में भी दोनों देश एक-दूसरे के लिए फायदेमंद सहयोग बढ़ाएंगे।

कृषि और पारंपरिक चिकित्सा में बढ़ेगा सहयोग

पीएम मोदी ने कहा कि कृषि और स्वास्थ्य के क्षेत्र में भारत और उज्बेकिस्तान की क्षमताएं एक-दूसरे की मदद कर सकती हैं। उन्होंने कहा कि उज्बेकिस्तान के हॉर्टिकल्चर यानी बागवानी के अनुभव और भारत की आधुनिक कृषि तकनीकों को साथ लाकर दोनों देशों की खाद्य सुरक्षा को मजबूत किया जा सकता है।

वहीं, उज्बेकिस्तान की औषधीय जड़ी-बूटियों और भारत की आयुर्वेद विशेषज्ञता को एक अच्छा मेल बताते हुए पीएम मोदी ने कहा कि पारंपरिक चिकित्सा से जुड़े आज के समझौते दोनों देशों के संयुक्त प्रयासों को और मजबूत करेंगे।

राज्यों और शहरों के बीच भी बनेगी साझेदारी

पीएम मोदी ने कहा कि भारत-उज्बेकिस्तान की साझेदारी सिर्फ दोनों देशों की राजधानियों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। इसी वजह से दोनों देशों के शहरों और राज्यों के बीच साझेदारी स्थापित की जाएगी। इसके तहत शहरी प्रबंधन, उद्योग, शिक्षा, पर्यटन और संस्कृति जैसे क्षेत्रों में सीधे संपर्क को बढ़ावा दिया जाएगा।

30 दिन का वीजा फ्री नियम, सीधी उड़ानों पर जोर

राष्ट्रपति मिर्जियोयेव ने बताया कि दोनों देशों के बीच लोगों की आवाजाही बढ़ाने के लिए 30 दिन की वीजा-फ्री व्यवस्था अपनाई गई है। इसके साथ ही सीधी उड़ानों को बढ़ावा देने पर भी काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इससे भारत और उज्बेकिस्तान के बीच ज्यादा लोग यात्रा कर सकेंगे और दोनों देशों के बीच लोगों के संपर्क और मजबूत होंगे।

उन्होंने बताया कि उज्बेकिस्तान में फिलहाल चार भारतीय विश्वविद्यालय काम कर रहे हैं। इसके अलावा लाल बहादुर शास्त्री सेंटर फॉर इंडियन कल्चर और महात्मा गांधी सेंटर भी काम कर रहे हैं। उज्बेकिस्तान में सांस्कृतिक सप्ताह और फिल्म फेस्टिवल आयोजित किए जाते हैं और दोनों देश मिलकर नए टूरिज्म सर्किट भी तैयार कर रहे हैं।

इसे भी पढ़ें: PM Modi को मिला उज्बेकिस्तान का सबसे बड़ा सम्मान, राष्ट्रपति मिर्जियोयेव ने गले लगाकर दी बधाई

यूएन, ब्रिक्स और ग्लोबल साउथ पर साथ

राष्ट्रपति मिर्जियोयेव ने कहा कि कई वैश्विक मुद्दों पर भारत और उज्बेकिस्तान की सोच काफी हद तक एक जैसी है। दोनों देश संयुक्त राष्ट्र, ब्रिक्स, गुटनिरपेक्ष आंदोलन (NAM) और ग्लोबल साउथ जैसे मंचों पर एक-दूसरे का समर्थन जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि भारत और उज्बेकिस्तान के लोगों के बीच गहरे ऐतिहासिक संबंध हैं और आज भी ये रिश्ते लगातार मजबूत हो रहे हैं।

रक्षा और सुरक्षा सहयोग भी होगा मजबूत

पीएम मोदी ने कहा कि भारत और उज्बेकिस्तान के बीच रक्षा और सुरक्षा सहयोग दोनों देशों के बीच गहरे भरोसे को दिखाता है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में दोनों देशों के रक्षा उद्योगों के बीच सीधे संपर्क, सह-उत्पादन (Co-production) और सह-विकास (Co-development) को बढ़ावा दिया जाएगा।

पीएम मोदी ने कहा कि आतंकवाद, उग्रवाद और अलगाववाद पूरे क्षेत्र के लिए गंभीर खतरा हैं। इन खतरों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति बनाए रखना दोनों देशों का साझा संकल्प है।

समझौतों को लागू करने के लिए बनेगा रोडमैप

राष्ट्रपति मिर्जियोयेव ने कहा कि दोनों देशों ने अब तक हुई प्रगति की समीक्षा की है और नए लक्ष्य तय किए हैं। समझौतों को जमीन पर लागू करने के लिए एक विशेष व्यवस्था बनाई गई है। व्यापार और आर्थिक सहयोग के लिए अलग टीमें काम करेंगी। दोनों देशों के विदेश मंत्रियों की देखरेख में बने ढांचे को प्रभावी तरीके से चलाने के लिए भी व्यवस्था की गई है। मिर्जियोयेव ने कहा कि दोनों देशों के नेता इस पूरी प्रक्रिया की खुद निगरानी करेंगे, ताकि तय किए गए समझौतों और रोडमैप को प्रभावी तरीके से लागू किया जा सके।

Continue reading on the app

  Sports

30 साल पुराना रिकॉर्ड स्वाहा, मोहम्मद अब्बास ने लॉर्ड्स में खोला 'पंजा', 9 विकेट लेकर रचा इतिहास

Mohammad Abbas Surpasses Waqar Younis records: पाकिस्तान के तेज गेंदबाज मोहम्मद अब्बास ने लॉर्ड्स मैदान पर इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टेस्ट की दूसरी पारी में 57 रन देकर 5 विकेट चटकाए. मैच में कुल 9 विकेट लेकर उन्होंने लॉर्ड्स में किसी पाकिस्तानी पेसर द्वारा एक टेस्ट में सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी का वकार यूनुस का 30 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया. अब्बास अब लॉर्ड्स में इंग्लैंड के खिलाफ 17 विकेट लेकर वकार के बराबर पहुंच गए हैं. एक और विकेट लेते ही वह लॉर्ड्स में सबसे ज्यादा टेस्ट विकेट लेने वाले एशियाई गेंदबाज बन जाएंगे. Sun, 30 Aug 2026 16:47:52 +0530

  Videos
See all

ओरछा में शिवराज सिंह चौहान ने सुनी ‘मन की बात’...PM मोदी की जमकर तारीफ | Madhya Pradesh #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-30T11:12:50+00:00

Raashid Alvi On Mohan Bhagwat News: 'छवि बनाने के लिए ढोंग कर रहे भागवत' #shorts #ytshorts #bjp #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-30T11:11:33+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers