Responsive Scrollable Menu

Sugar Stocks Today: चीनी के दाम बढ़ते ही रॉकेट बने शुगर स्टॉक्स, शेयरों में आई 12% की तूफानी तेजी

शुक्रवार की तेज गिरावट के बाद सोमवार को शुगर शेयरों ने जिस तरह वापसी की है, उसने एक बार फिर इस सेक्टर पर निवेशकों का भरोसा जगा दिया है. बजाज हिंदुस्थान और द्वारिकेश शुगर के साथ कई दूसरे शुगर शेयरों में भी आज जोरदार हलचल देखने को मिली.

Continue reading on the app

अपने बच्चों को स्क्रीन से दूर रख रहे टेक दिग्गज:मिट्टी में खेलने की दे रहे सीख, स्कूल में फोन बैन;ऑल्टमैन बोले-एआई से जल्द नहीं जोड़ेंगे

गूगल हेड ऑफिस से महज तीन किमी दूर स्थित प्रसिद्ध वाल्डोर्फ स्कूल में फोन पूरी तरह बैन है। इस स्कूल की सालाना फीस करीब 40 लाख रुपए तक है, जहां सिलिकॉन वैली के शीर्ष टेक एग्जीक्यूटिव्स और एआई शोधकर्ता अपने बच्चों को भेजते हैं। स्कूल का सीधा फलसफा है... बिना फोन यानी बिना भटकाव और बिना तुलना वाला ‘असली बचपन’। यहां मशीनी सीख के बजाय इंसानी सोच और स्पष्ट दृष्टि विकसित करने पर जोर दिया जाता है। हैरानी की बात है कि टेक कंपनियों ने बच्चों और किशोरों को स्क्रीन का लती बनाने के लिए जानबूझकर ऐसे एल्गोरिदम डिजाइन किए। एक तरफ पूरी दुनिया के बच्चे स्मार्टफोन, रील्स और सोशल मीडिया के जाल में उलझे हैं, वहीं दूसरी तरफ सिलिकॉन वैली के शीर्ष एग्जीक्यूटिव, जिन्होंने यह डिजिटल तिलिस्म रचा है, अपने ही घरों में टेक्नोलॉजी पर सख्त पहरा बिठाए हुए हैं। आम परिवारों के विपरीत, जहां गैजेट्स मनोरंजन या देखभाल का साधन बन चुके हैं, टेक एग्जीक्यूटिव्स के घरों में डिजिटल दुनिया के मुकाबले सादगी, बोरियत और असल जीवन की गतिविधियों को ज्यादा महत्व दिया जाता है। मेटा के सीईओ मार्क जकरबर्ग ने दूसरी बेटी के जन्म पर खुला पत्र लिखा, तो उसमें डिजिटल दुनिया का जिक्र तक नहीं था। उन्होंने बेटी को बाहर खेलने, फूलों की खुशबू लेने और पत्ते बटोरने की सलाह दी थी। फेसबुक के शुरुआती निवेशक पीटर थील ने खुलासा किया था कि वे अपने बच्चों को हफ्तेभर में सिर्फ डेढ़ घंटे स्क्रीन देखने की अनुमति देते हैं। वहीं स्नैपचैट के सीईओ इवान स्पीगल दो साल के बेटे को बिल्कुल स्क्रीन टाइम बिताने नहीं देते। बड़े बच्चों के लिए भी हफ्ते में 90 मिनट तय हैं। स्पीगल के मुताबिक बचपन में टीवी से दूरी ने उन्हें पढ़ने की आदत, रचनात्मक सोच और नवाचार की क्षमता विकसित करने में मदद की। यही हाल बाकी टेक दिग्गजों का है। माइक्रोसॉफ्ट के कोफाउंडर बिल गेट्स ने 14 की उम्र से पहले बच्चों को मोबाइल नहीं दिया। गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई के बेटे को 11 साल तक फोन नहीं मिला, जबकि एपल के सीईओ टिम कुक अपने भतीजे और परिवार के बाकी बच्चों को सोशल मीडिया से दूर रखने की पैरवी करते हैं। माइक्रोसॉफ्ट सीईओ सत्य नडेला परिवार में बच्चों के स्क्रीन टाइम और कंप्यूटर पर बिताए जाने वाले समय को लेकर सख्त नियम और सीमाएं तय करते हैं। एआई के दौर में भी टेक जगत के दिग्गज बच्चों को स्क्रीन व एल्गोरिदम से दूर रखने पर जोर देते हैं। ओपनएआई के सीईओ सैम ऑल्टमैन का कहना है कि वे अपने बच्चे को एआई से जल्द नहीं जोड़ेंगे, बल्कि उसे मिट्टी में खेलने और स्वाभाविक ‘बोरियत’ का अनुभव करने देंगे, जहां से रचनात्मकता जन्म लेती है। वहीं यूट्यूब के सह-संस्थापक स्टीव चेन को चिंता है कि शॉर्ट वीडियो बच्चों की एकाग्रता घटा रहे हैं। वे चाहते हैं कि बच्चे धैर्य के साथ धीरे-धीरे और मेहनत करके सीखें। न्यूयॉर्क यूनिवर्सिटी के मनोवैज्ञानिक जोनाथन हाइड कहते हैं,‘स्मार्टफोन और सोशल मीडिया ने बचपन का स्वरूप ही बदल दिया है।’ खेल-आधारित बचपन’ अब ‘फोन-आधारित बचपन’ में बदल चुका है। इससे बच्चों में एंग्जायटी, डिप्रेशन तेजी से बढ़ा है। फोकस में कमी भी देखने को मिल रही है। सिलिकॉन वैली के दिग्गज यह हकीकत जानते हैं; इसीलिए वे अपने बच्चों के बेहतर मानसिक विकास के लिए उन्हें स्क्रीन से दूर और असल दुनिया के अनुभवों के करीब रखते हैं।’

Continue reading on the app

  Sports

Team India: सिर्फ 3 महीने बाद बदल जाएगी टीम इंडिया, अगली टेस्ट सीरीज से बाहर होंगे ये 4 खिलाड़ी?

भारतीय टीम अब करीब 3 महीने बाद टेस्ट क्रिकेट खेलने के लिए लौटेगी और जहां ये मुकाबले होंगे, वहां श्रीलंका और भारत से एकदम अलग परिस्थितियां मौजूद होंगी. ऐसे में स्क्वॉड में बदलाव होने तय हैं. Sat, 29 Aug 2026 00:33:20 +0530

  Videos
See all

ChakraView | Sumit Awasthi: कर्मचारियों की नाराजगी... मान सरकार पर पड़ सकती है भारी? | Punjab News #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-28T19:52:13+00:00

Names of Nepal flood survivorsprinted on Trishuli wall. #BBCNews #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-28T20:00:14+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers