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Nepal में जल प्रलय! बाढ़ में 1000 लोग लापता होने की आशंका, 8 की मौत, बचाव अभियान जारी

अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि नेपाल के रसुवा ज़िले में अचानक आई ज़बरदस्त बाढ़ में कम से कम आठ लोगों की मौत हो गई, जबकि 41 सुरक्षाकर्मी लापता हैं और बचाव दल प्रभावित इलाकों में तलाशी अभियान चला रहे हैं। भोटे कोशी नदी में अचानक आई बाढ़ के कारण लापता हुए लोगों में से 32 नेपाल पुलिस के और नौ आर्म्ड पुलिस फ़ोर्स के जवान हैं। खबरों के मुताबिक, स्थानीय समय के अनुसार सुबह करीब 9 बजे इस इलाके में बाढ़ आई। अधिकारियों ने नदी के किनारे रहने वाले लोगों के लिए अलर्ट जारी करते हुए उन्हें सुरक्षित और ऊंचे स्थानों पर जाने को कहा।
 

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शुरुआती जानकारी के अनुसार, आशंका है कि बाढ़ में करीब 1,000 लोग बह गए हैं। हालांकि, इस आंकड़े की अभी तक आधिकारिक तौर पर पुष्टि नहीं हुई है। बचाव अभियान जारी रहने के बीच, अब तक प्रभावित इलाकों, खासकर बुसी और टूसू से 20 लोगों को बचाया गया है। इस अभियान के लिए कुल 15 हेलीकॉप्टर तैनात किए गए हैं, जिनमें सात नेपाली सेना के हैं और बाकी अन्य एजेंसियों के हैं। मछली ट्रेनिंग कैंप में एक मेडिकल सेंटर भी बनाया गया है, जहाँ घायल लोगों का इलाज किया जा रहा है।

भोटे कोशी नदी में अचानक आए उफान के कारण नेपाल के सुरक्षा बलों की मदद से बड़े पैमाने पर बचाव अभियान चलाया जा रहा है। अधिकारी प्रभावित बस्तियों और बुनियादी ढाँचे वाली जगहों पर फँसे या लापता लोगों की तलाश कर रहे हैं। नेपाल के प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ने कहा कि प्रभावित इलाके में पुलिस और सेना के जवानों समेत इमरजेंसी टीमें भेजी गई हैं। शाह ने कहा कि निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित जगहों पर ले जाने के निर्देश दिए गए हैं।
 

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उन्होंने नदी के किनारे रहने वाले लोगों से सतर्क रहने की अपील करते हुए कहा, नदी के किनारे रहने वाले लोगों को सलाह दी जाती है कि वे ज़्यादा सावधानी बरतें और सतर्क रहें। रसुवा ज़िले के एडमिनिस्ट्रेटर नरेंद्र परियार ने कहा कि बाढ़ से प्रभावित इलाकों से बड़े पैमाने पर तबाही की खबरें आई हैं।  

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Rohingya Refugees ने म्यांमा सुरक्षित वापसी की उठाई मांग, Bangladesh में निकाली रैली

म्यांमा से विस्थापित होने के बाद बांग्लादेश में कई शिविरों में शरण लेने वाले हजारों रोहिंग्या शरणार्थियों ने मंगलवार को रैली निकाली और अपने देश में सुरक्षित वापसी की मांग की। म्यांमा में नौ साल पहले रोहिंग्या समुदाय के लोगों के खिलाफ सरकार की कार्रवाई से भागकर ये लोग बांग्लादेश आए थे। प्रदर्शनकारियों ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से रखाइन प्रांत में सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की।

उन्होंने इस दिन को ‘‘रोहिंग्या नरसंहार दिवस की नौवीं बरसी’’ के रूप में मनाया। म्यांमा के रोहिंग्या जातीय एवं धार्मिक अल्पसंख्यक समुदाय के 10 लाख से अधिक शरणार्थी अब दक्षिण-पूर्वी बांग्लादेश के कॉक्स बाजार जिले के आसपास बने विशाल शिविरों में रह रहे हैं। इनमें से अधिकतर लोग 2017 में बड़ी संख्या में सीमा पार कर बांग्लादेश आए थे।

उस समय बौद्ध बहुल म्यांमा में रोहिंग्या मुस्लिम विद्रोही समूह के हमले के बाद रखाइन में सुरक्षा बलों ने कार्रवाई शुरू की थी। बांग्लादेश सरकार ने इससे पहले कम से कम दो बार रोहिंग्या शरणार्थियों की स्वदेश वापसी शुरू करने की कोशिश की थी, लेकिन यह प्रयास सफल नहीं हो सका क्योंकि सुरक्षा संबंधी चिंताओं का हवाला देते हुए किसी भी शरणार्थी ने वापस जाने की इच्छा नहीं जताई। बांग्लादेश का कहना है कि वह किसी को भी वापस जाने के लिए मजबूर नहीं करेगा।

इसी बीच, मंगलवार को बांग्लादेश में 15 देशों और यूरोपीय संघ के राजनयिक मिशनों ने रोहिंग्या शरणार्थियों के लिए निरंतरत अंतरराष्ट्रीय समर्थन की अपील की। कनाडा, डेनमार्क, फिनलैंड, फ्रांस, जर्मनी, आयरलैंड, इटली, जापान, कोसोवो, नीदरलैंड, नॉर्वे, स्पेन, स्वीडन, स्विट्जरलैंड और ब्रिटेन के राजनयिक मिशनों ने एक संयुक्त बयान में कहा कि ‘‘करीब 12 लाख रोहिंग्या शरणार्थी बांग्लादेश में रह रहे हैं’’ और करीब एक दशक से उन्हें शरण देने के लिए बांग्लादेश तथा वहां के लोगों की सराहना की। राजनयिक मिशनों ने रखाइन प्रांत में बढ़ते संघर्ष पर चिंता जताई और कहा कि बढ़ती मानवीय जरूरतें, नागरिक बुनियादी ढांचे पर हवाई हमले तथा सहायता एवं व्यापार पर प्रतिबंध संकट को और गंभीर बना रहे हैं तथा बांग्लादेश एवं पूरे क्षेत्र में लोगों के विस्थापन को बढ़ावा दे रहे हैं।

समूह ने कहा, ‘‘रोहिंग्या शरणार्थियों को म्यांमा में अपने घरों में लौटने का अधिकार है। दुर्भाग्य से रखाइन में संघर्ष के साथ ही मानवीय जरूरतें बढ़ती जा रही हैं।

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  Sports

टेस्ट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले 5 भारतीय बल्लेबाज, 13 साल से नहीं टूटा विश्व कीर्तिमान

5 batsman Most runs for India in Test: भारतीय टेस्ट क्रिकेट इतिहास में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले शीर्ष पांच बल्लेबाजों की कहानी शानदारी है . इस लिस्ट में सचिन तेंदुलकर टॉप पर हैं, जिनके बाद राहुल द्रविड़ 'द वॉल' का नाम आता है . तीसरे स्थान पर लिटिल मास्टर सुनील गावस्करऔर चौथे पर रन मशीन विराट कोहली मौजूद हैं . वहीं वीवीएस लक्ष्मण पांचवें स्थान पर हैं, जिन्होंने अपनी कलात्मक पारियों से इतिहास रचा . Wed, 26 Aug 2026 17:44:44 +0530

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