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फिजिकल हेल्थ- बारिश के मच्छर फैलाते डेंगू-मलेरिया:इन 10 लक्षणों को इग्नोर न करें, डॉक्टर से जानें बचाव के लिए 8 सावधानियां
बारिश के मौसम में जगह-जगह जमा पानी और नमी के कारण मच्छर तेजी से पनपते हैं। इससे डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया जैसी कई बीमारियों का रिस्क बढ़ जाता है। दूषित पानी और भोजन के कारण टाइफॉइड, हैजा और फूड पॉइजनिंग का जोखिम भी बढ़ता है। अक्सर लोग इन बीमारियों के लक्षणों को सामान्य समझकर इग्नोर कर देते हैं, जिससे स्थिति बिगड़ सकती है। हालांकि कुछ बुनियादी सावधानियां बरतकर इनके रिस्क को कम किया जा सकता है। इसलिए आज ‘फिजिकल हेल्थ’ में बारिश में होने वाली बीमारियों की बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि- एक्सपर्ट: डॉ. रोहित शर्मा, कंसल्टेंट, इंटरनल मेडिसिन, अपोलो स्पेक्ट्रा हॉस्पिटल, जयपुर सवाल- बारिश में कौन-सी बीमारियां फैलती हैं? जवाब- बारिश के मौसम में नमी बढ़ने से बैक्टीरिया पनपने के लिए अनुकूल वातावरण बन जाता है। साथ ही जगह-जगह पानी रुकने से मच्छर पनपते हैं। इससे इन बीमारियों का रिस्क बढ़ जाता है- सवाल- बारिश में अधिकांश बीमारियां मच्छरों के कारण क्यों फैलती हैं? जवाब- बारिश में अधिकांश बीमारियां मच्छरों से फैलती हैं क्योंकि- सवाल- किन लोगों को इन बीमारियों का रिस्क ज्यादा होता है? जवाब- बारिश में फैलने वाली बीमारियों का रिस्क इन लोगों को ज्यादा होता है- सवाल- डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया और वायरल फीवर में फर्क कैसे पहचानें? जवाब- लक्षणों के आधार पर इन तीनों के बीच के फर्क को समझा जा सकता है। ग्राफिक में इनके लक्षण देखिए- सवाल- बुखार के किन संकेतों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए? जवाब- बुखार के साथ कुछ लक्षण ऐसे होते हैं, जो डेंगू, मलेरिया या चिकनगुनिया का संकेत हो सकते हैं। इसलिए इन्हें इग्नोर नहीं करना चाहिए। ग्राफिक में देखिए- सवाल- घर के आसपास किन जगहों पर मच्छर ज्यादा पनपते हैं? जवाब- कुछ जगहों पर मच्छर पनपने का रिस्क ज्यादा होता है, जैसेकि- सवाल- घर के अंदर मच्छरों को पनपने से कैसे रोकें? जवाब- इसके लिए कुछ आसान तरीके अपना सकते हैं- सवाल- बारिश में बीमारियों से बचने के लिए घर में कौन-सी सावधानियां जरूरी हैं? जवाब- इसके लिए कुछ बातों का ध्यान रखें- सवाल- बीमारियों से बचाव में इम्यूनिटी का क्या रोल है? जवाब- बारिश में फैलने वाली बीमारियों, जैसे डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया और वायरल फीवर से बचाव में इम्यूनिटी का बहुत महत्वपूर्ण रोल है। इम्यूनिटी हमारे लिए ये जरूरी काम करती है– 1. संक्रमण से लड़ने की क्षमता बढ़ाती है मजबूत इम्यूनिटी शरीर को वायरस और बैक्टीरिया से लड़ने में मदद करती है। इससे बीमारी का रिस्क कम हो जाता है। 2. बीमारी का असर कम करती है अगर संक्रमण हो भी जाए, तो अच्छी इम्यूनिटी के कारण लक्षण हल्के रहते हैं और रिकवरी जल्दी होती है। 3. बार-बार बीमारी नहीं होती है कमजोर इम्यूनिटी वाले लोग जल्दी-जल्दी बीमार पड़ते हैं, जबकि मजबूत इम्यून सिस्टम शरीर को संक्रमण से बचाता है। 4. कॉम्प्लिकेशंस का रिस्क कम करती है मजबूत इम्यून सिस्टम ज्यादा कमजोरी होने और प्लेटलेट्स गिरने जैसी गंभीर स्थिति बनने से रोकता है। सवाल- इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए क्या खाना चाहिए? जवाब- बारिश के मौसम में इम्यूनिटी मजबूत रखने के लिए ऐसा खाना खाएं, जो शरीर को संक्रमण से लड़ने की ताकत दे और पाचन में भी हल्का हो। ग्राफिक में पूरी लिस्ट देखिए- सवाल- बारिश के मौसम में क्या चीजें बिल्कुल नहीं खानी चाहिए? जवाब- बारिश के मौसम में ये चीजें बिलकुल न खाएं, जैसेकि- 1. खुले में रखे कटे फल खुले में रखा होने से इन पर धूल और बैक्टीरिया जमा हो जाते हैं। 2. स्ट्रीट फूड (चाट, गोलगप्पे) गंदे पानी और अनहाइजीनिक तरीके से बने होने से फूड पॉइजनिंग और हैजा जैसी बीमारियों का रिस्क होता है। 3. बासी खाना जल्दी खराब होता है और फूड पॉइजनिंग का कारण बन सकता है। 4. कच्ची या अधपकी सब्जियां इनमें बैक्टीरिया और कीड़े हो सकते हैं। 5. पत्तेदार सब्जियां इनमें मिट्टी और कीटाणु चिपके हो सकते हैं। 6. बिना उबला या अनफिल्टर्ड पानी दूषित पानी पीने से बीमारियों का रिस्क बढ़ता है। 7. ज्यादा तला-भुना और जंक फूड पाचन खराब करता है और इम्यूनिटी कमजोर करता है। ……………………. फिजिकल हेल्थ से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए फिजिकल हेल्थ- मानसून में बढ़ता निमोनिया का रिस्क: डॉक्टर से जानें इसका कारण और शुरुआती लक्षण, बचाव के लिए जरूरी 11 सावधानियां बारिश के मौसम में सर्दी-जुकाम, खांसी और फेफड़ों से जुड़ी बीमारियों का रिस्क बढ़ जाता है। इससे बच्चे, बुजुर्ग और कमजोर इम्यूनिटी वाले लोग ज्यादा प्रभावित होते हैं। पूरी खबर पढ़िए…
