US Iran Conflict: डोनाल्ड ट्रम्प का बड़ा दावा- ईरान के साथ आज जंग खत्म हुई, पलट गया सबसे बड़े हमले का फैसला
मध्य पूर्व में चल रहे भीषण सैन्य तनाव और संघर्ष के बीच वैश्विक राजनीति से एक बहुत ही अप्रत्याशित घटनाक्रम सामने आया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने एक वर्चुअल रैली के दौरान अपने समर्थकों को संबोधित करते हुए दावा किया है कि अमेरिका और ईरान के बीच चल रहा युद्ध अब पूरी तरह खत्म हो चुका है।
हालांकि, ईरान ने इस दावे को सिरे से खारिज करते हुए इसे जल्दबाजी में दिया गया बयान बताया है। इस बड़े वैश्विक घटनाक्रम के बीच, होर्मुज जलडमरूमध्य में अमेरिकी हमलों के कारण तीन निर्दोष भारतीय नाविकों की मौत को लेकर भारत सरकार ने कड़ा रुख अपनाया है और अमेरिकी चार्ज डी'अफेयर्स को तलब कर अपनी सख्त नाराजगी जाहिर की है।
????????????????⚡️ — President Trump on Iran:
— Commentary Donald J. Trump Truth Social Posts On X (@TrumpTruthOnX) June 12, 2026
We ended the war with Iran today, and they have agreed never to have a nuclear weapon, something that we insisted on. That was the whole purpose. That was 95% of it, and they've done it in the most powerful way you can do it. pic.twitter.com/5adsFp9Nvg
ट्रम्प का युद्ध खत्म होने का दावा और ईरान का पलटवार
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने व्हाइट हाउस में संवाददाताओं से और बाद में अपनी एक वर्चुअल रैली में बड़ा दावा किया कि ईरान के सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई ने नई शांति डील को मंजूरी दे दी है। ट्रम्प के अनुसार, इस नए समझौते के तहत ईरान भविष्य में कभी भी परमाणु हथियार नहीं बनाएगा और यह ऐतिहासिक डील इसी सप्ताह यूरोप में साइन हो सकती है, जिसमें अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस भी शामिल होंगे।
गौरतलब है कि इससे पहले ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर ईरान के तेल ठिकानों पर अब तक के सबसे बड़े हमले की धमकी दी थी, लेकिन महज 5 घंटे बाद उन्होंने अपना फैसला बदलते हुए कहा कि ईरानी लीडरशिप से बातचीत काफी आगे बढ़ गई है। दूसरी तरफ, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघई ने ट्रम्प के इस दावे को पूरी तरह खारिज करते हुए स्पष्ट किया है कि शांति समझौते पर अभी तक कोई भी आखिरी और आधिकारिक फैसला नहीं लिया गया है।
होर्मुज स्ट्रेट पर ईरान का फुल कंट्रोल और बचे हुए तीन बड़े विवादित मुद्दे
इस बीच ईरान की सेना के वरिष्ठ अधिकारी एडमिरल हबीबोल्लाह सय्यारी ने होर्मुज स्ट्रेट को लेकर एक बड़ा और रणनीतिक दावा किया है। उन्होंने कहा कि होर्मुज जलमार्ग पर पूरी तरह से ईरानी सेना का नियंत्रण स्थापित है और कोई भी जहाज ईरान की पूर्व अनुमति के बिना इस समुद्री मार्ग से नहीं गुजर सकता है। सय्यारी ने उन अमेरिकी दावों को भी खारिज कर दिया, जिनमें हालिया हमलों में ईरानी नौसेना को भारी नुकसान पहुंचने की बात कही जा रही थी।
वहीं, ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी आईआरएनए (IRNA) के मुताबिक, यदि दोनों देशों के बीच समझौता हो भी जाता है, तो भी तीन बड़े बुनियादी मुद्दों को सुलझाने के लिए अगले 60 दिनों तक बातचीत जारी रखनी होगी, जिनमें ईरान के शांतिपूर्ण परमाणु कार्यक्रम को जारी रखना, अमेरिकी आर्थिक प्रतिबंधों को पूरी तरह हटाना और युद्ध से हुए नुकसान की भरपाई के लिए मुआवजा तंत्र तैयार करना शामिल है।
क्या देर से अस्पताल पहुंचने की वजह से हुआ जसपाल राणा का निधन! एक्सपर्ट्स ने बताया
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Haribhoomi