Aquatic Flower Plants: घर के कबाड़ से बन जाएगा लग्जरी मिनी पॉन्ड, पुराने ड्रम में लगाएं ये 5 खिलने वाले पौधे
Aquatic Flower Plants: घर के पुराने ड्रम, टब या बाल्टी से बनाएं खूबसूरत मिनी वॉटर पॉन्ड। जानिए ऐसे 5 फूलदार जलीय पौधों के बारे में जो कम पानी वाले कंटेनर में आसानी से उगते हैं और बालकनी या गार्डन को लग्जरी लुक देते हैं।
बिहार में शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी का बड़ा ऐलान, एक्स्ट्रा क्लास के लिए शिक्षकों को मिलेगा नकद इनाम
Bihar News: बिहार में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और शिक्षकों की समस्याओं को जड़ से खत्म करने के लिए सरकार ने कमर कस ली है. बिहार पंचायत नगर प्रारंभिक शिक्षक संघ के एक विशेष कार्यक्रम में पहुंचे प्रदेश के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने शिक्षकों के हित में कई बड़े ऐलान किए हैं. शिक्षा मंत्री ने साफ शब्दों में कहा है कि बिहार सरकार पूरी तरह से शिक्षकों के साथ खड़ी है. उन्होंने घोषणा की कि आगामी एक सप्ताह के भीतर शिक्षा विभाग के आला अधिकारियों और शिक्षक संघ के नेताओं के बीच एक उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की जाएगी. इस बैठक में शिक्षकों की हर छोटी बड़ी समस्या पर गंभीरता से विचार किया जाएगा और उनका तत्काल स्थायी निदान निकाला जाएगा. सरकार का लक्ष्य है कि शिक्षक बिना किसी मानसिक तनाव के बच्चों को बेहतर शिक्षा दे सकें.
एक्स्ट्रा क्लास लेने वाले शिक्षकों को जल्द मिलेगा वित्तीय इंसेंटिव
कार्यक्रम के दौरान शिक्षा मंत्री को शिक्षकों की ओर से अंगवस्त्र और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया. इस अभिनंदन समारोह में जब शिक्षकों ने शिक्षा मंत्री को अपनी मांगों का एक लंबा चौड़ा मांग पत्र सौंपा, तो मंत्री ने मुस्कुराते हुए कहा कि अगर मुझे मालूम होता कि इतना मोटा मांग पत्र मिलने वाला है तो मैं अपने साथ पूरा मंत्रालय ही उठाकर ले आता. उन्होंने मंच से वादा किया कि सरकार शिक्षकों की हर जायज मांग पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करेगी. इसके साथ ही उन्होंने एक बड़ा नीतिगत फैसला साझा करते हुए कहा कि सरकारी स्कूलों में अब एक्स्ट्रा क्लास लेने वाले शिक्षकों को सरकार विशेष इंसेंटिव यानी प्रोत्साहन राशि देगी, जिसके लिए जल्द ही एक नई नीति लेकर आ रही है. इससे शिक्षकों का मनोबल बढ़ेगा और वे बच्चों पर ज्यादा ध्यान दे पाएंगे.
स्कूल के समय में नहीं चलेंगे कोचिंग संस्थान
शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कार्यक्रम में मौजूद सभी शिक्षकों से अपील करते हुए कहा कि सरकारी स्कूलों के बच्चे किसी भी हाल में पढ़ाई के लिए निजी स्कूलों का रुख न करें, इसका संकल्प हर शिक्षक को लेना होगा. उन्होंने कड़े लहजे में साफ किया कि राज्य में स्कूल की टाइमिंग के दौरान कोई भी प्राइवेट कोचिंग इंस्टीट्यूट नहीं चलाया जा सकेगा. अगर कोई ऐसा करता है तो उस पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी. बच्चों की कमजोरियों को दूर करने के लिए सरकारी स्कूलों के भीतर ही एक्स्ट्रा क्लासेस की व्यवस्था की जाएगी ताकि गरीब बच्चों को बाहर पैसे न खर्च करने पड़ें. उन्होंने शिक्षकों से निवेदन किया कि वे सिर्फ गुरु न रहें, बल्कि बच्चों के अभिभावक बनकर चौदह करोड़ आबादी वाले बिहार की उम्मीदों पर पूरी तरह खरे उतरें.
सीएसआर फंड से सुधरेगी स्कूलों की सूरत
बिहार में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार को सरकार की पहली प्राथमिकता बताते हुए शिक्षा मंत्री ने कहा कि उन्होंने हाल ही में नीति आयोग के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की है. इसके अतिरिक्त, वे बहुत जल्द देश के सभी प्रमुख बैंकों के प्रमुखों के साथ भी बैठक करने जा रहे हैं. सरकार की योजना है कि कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी यानी सीएसआर फंड के माध्यम से सरकारी स्कूलों के इंफ्रास्ट्रक्चर और बुनियादी स्थिति को पूरी तरह से चमकाया जाए. स्कूलों में आधुनिक लैब, पीने का साफ पानी और बेहतर शौचालय जैसी सुविधाएं दी जाएंगी.
जुलाई में लॉन्च होगा पहला मॉडल स्कूल
शिक्षा मंत्री ने कार्यक्रम में आगे बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के सभी प्रावधानों को बिहार में सख्ती से लागू किया जा रहा है. सरकार हर जिले में बेहतरीन स्कूल तैयार करने पर काम कर रही है. इसी कड़ी में आगामी जुलाई महीने में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी राज्य के पहले अत्याधुनिक मॉडल स्कूल को भव्य तरीके से लॉन्च करेंगे. यह मॉडल स्कूल निजी स्कूलों को टक्कर देगा और इसमें बच्चों को हर तरह की आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी. सरकार की इन कोशिशों से आने वाले दिनों में बिहार के सरकारी स्कूलों की तस्वीर पूरी तरह बदल जाएगी.
यह भी पढ़ें: Bihar News: सैटेलाइट टाउन से लेकर पुलिस दीदी तक, 30 दिन में लिए सम्राट चौधरी ने बिहार बदलने वाले ये बड़े फैसले
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Asianetnews
News Nation
























